Bhiwandi Warehouse Fire Harihar Compound: मुंबई के करीब ठाणे जिले के भिवंडी इलाके में रविवार को एक बार फिर आग का तांडव देखने को मिला। मनकोली स्थित हरिहर कंपाउंड में एक मैट्रेस (गद्दे) कंपनी के गोदाम में दोपहर के समय भीषण आग लग गई। आग इतनी भयावह थी कि उसकी लपटें और धुएं का गुबार करीब चार किलोमीटर दूर से भी साफ देखा जा सकता था। गद्दों में इस्तेमाल होने वाले फोम और अन्य ज्वलनशील पदार्थों के कारण आग ने देखते ही देखते विकराल रूप धारण कर लिया और पास के 6 से 7 अन्य गोदामों को भी अपनी चपेट में ले लिया।
आग की सूचना मिलते ही भिवंडी, कल्याण और ठाणे से दमकल की गाड़ियां और बचाव दल मौके पर पहुँच गए।
हरिहर कंपाउंड एक बड़ा औद्योगिक और लॉजिस्टिक हब है, जहाँ सैकड़ों गोदाम एक-दूसरे से सटे हुए हैं। मैट्रेस गोदाम में लगी आग ने हवा के दबाव के कारण तेजी से विस्तार किया, जिससे आसपास के 6 से 7 गोदामों में रखा करोड़ों का सामान जलकर खाक हो गया। इनमें गारमेंट्स, प्लास्टिक और अन्य औद्योगिक माल होने की संभावना जताई जा रही है। दमकल कर्मियों के अनुसार, फोम और केमिकल की मौजूदगी के कारण आग पर काबू पाना बेहद चुनौतीपूर्ण हो गया है। धुएं की सघनता इतनी अधिक है कि बचाव दल को अंदर घुसने में भारी मशक्कत करनी पड़ रही है।
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बचाव दल ने सबसे पहले इलाके को चारों ओर से घेर लिया और वहां काम कर रहे लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला। गनीमत रही कि रविवार का दिन होने के कारण गोदामों में कर्मचारियों की संख्या कम थी, जिससे अभी तक किसी के हताहत होने की खबर नहीं है। हालांकि, संपत्ति का नुकसान बहुत बड़ा बताया जा रहा है। दमकल विभाग की 10 से अधिक गाड़ियां आग बुझाने में जुटी हैं। संकरी गलियों और पानी की कमी के कारण ऑपरेशन में बाधा आ रही है, जिसके लिए वॉटर टैंकरों को भी तैनात किया गया है।
भिवंडी के गोदामों में आग लगने की घटनाएं अब आम होती जा रही हैं। स्थानीय सूत्रों के अनुसार, हरिहर कंपाउंड जैसे व्यस्त इलाकों में कई गोदाम बिना किसी उचित फायर ऑडिट या अग्निशमन सुरक्षा उपकरणों के चल रहे हैं। संकरी सड़कें और फायर हाइड्रेंट्स की कमी आग लगने पर स्थिति को और बिगाड़ देती है। पुलिस और दमकल प्रशासन ने बताया कि आग बुझाने के बाद ही इसके सटीक कारण (जैसे शॉर्ट सर्किट) का पता लगाया जा सकेगा। फिलहाल, प्रशासन की प्राथमिकता आग को और आगे फैलने से रोकना है।