महाराष्ट्र के सिंधुदुर्ग में 150 करोड़ से बनेगी इलेक्ट्रिक बोट फैक्ट्री (सोर्स: AI) 
सिंधुदुर्ग

महाराष्ट्र के सिंधुदुर्ग में 150 करोड़ से बनेगी इलेक्ट्रिक बोट फैक्ट्री, बदल जाएगी मुंबई वॉटर मेट्रो की सूरत

Electric Boat Manufacturing In Sindhudurg: महाराष्ट्र के सिंधुदुर्ग में 150 करोड़ के निवेश से इलेक्ट्रिक बोट बनाने वाली फैक्ट्री बनेगी। इससे मुंबई वॉटर मेट्रो को पर्यावरण-अनुकूल नौकाएं मिलेंगी।

आकाश मसने

Electric Boat Factory in Sindhudurg: महाराष्ट्र के समुद्री परिवहन और पर्यावरण-अनुकूल तकनीकों के क्षेत्र में एक ऐतिहासिक क्रांति की शुरुआत होने जा रही है। राज्य के सिंधुदुर्ग जिले में 150 करोड़ रुपये के निवेश के साथ एक अत्याधुनिक इलेक्ट्रिक बोट निर्माण परियोजना शुरू करने की तैयारी पूरी कर ली गई है। इस महत्वाकांक्षी परियोजना को धरातल पर उतारने के लिए महाराष्ट्र मैरीटाइम बोर्ड (MMB) और एम. जोया मरीन सर्विसेज प्राइवेट लिमिटेड के बीच एक महत्वपूर्ण समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर किए गए हैं।

MMB और एम. जाेया मरीन सर्विसेज के बीच हुआ समझौता

महाराष्ट्र मैरीटाइम बोर्ड और एम. जाेया मरीन सर्विसेज प्राइवेट लिमिटेड के बीच यह समझौता मुंबई वॉटर मेट्रो परियोजना के लिए आधुनिक नौकाओं की उपलब्धता और सिंधुदुर्ग जिले में शिपबिल्डिंग सुविधाओं के विकास को लेकर किया गया है।

एमओयू पर हस्ताक्षर के दौरान महाराष्ट्र के मत्स्य एवं बंदरगाह विकास मंत्री और सिंधुदुर्ग के पालकमंत्री नितेश राणे मौजूद रहे। बैठक में दोनों परियोजनाओं को जल्द लागू करने और उनके विभिन्न पहलुओं पर विस्तार से चर्चा की गई। अधिकारियों ने बताया कि इन परियोजनाओं का उद्देश्य महाराष्ट्र में समुद्री परिवहन को आधुनिक, पर्यावरण-अनुकूल और तकनीक आधारित बनाना है।

मंत्री नितेश राणे की मौजूदगी में महाराष्ट्र मैरीटाइम बोर्ड और एम. ज़ोया मरीन सर्विसेज़ प्राइवेट लिमिटेड के बीच MoU पर हुए हस्ताक्षर (सोर्स: एक्स@NiteshNRane)

22 एकड़ में फैलेगी हाई-टेक फैक्ट्री

इस समझौते के तहत सिंधुदुर्ग जिले के सावंतवाड़ी तालुका स्थित तलवणे गांव में लगभग 22 एकड़ भूमि पर 150 करोड़ रुपये की लागत से अत्याधुनिक इलेक्ट्रिक बोट निर्माण इकाई स्थापित की जाएगी। इस फैक्ट्री में विश्व स्तरीय नई तकनीक से लैस इलेक्ट्रिक नौकाओं का निर्माण किया जाएगा, जिससे राज्य में ग्रीन मैरीटाइम ट्रांसपोर्ट को जबरदस्त बढ़ावा मिलेगा।

CM फडणवीस बोले- समुद्री अर्थव्यवस्था को मिलेगा बूस्ट

मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि राज्य सरकार महाराष्ट्र के समुद्री क्षेत्र में बड़े निवेश को प्रोत्साहित कर रही है। उनका कहना है कि मुंबई वॉटर मेट्रो परियोजना और सिंधुदुर्ग में इलेक्ट्रिक बोट निर्माण इकाई जैसी पहलें राज्य की समुद्री अर्थव्यवस्था को नई गति देंगी। इससे आधुनिक तकनीक को बढ़ावा मिलेगा और समुद्री परिवहन अधिक सुरक्षित एवं पर्यावरण के अनुकूल बनेगा।

महाराष्ट्र के मत्स्य एवं बंदरगाह विकास मंत्री नितेश राणे ने विश्वास जताया कि इस परियोजना से सिंधुदुर्ग और आसपास के क्षेत्रों में स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे। साथ ही, राज्य में आधुनिक शिपबिल्डिंग उद्योग को भी मजबूती मिलेगी। उन्होंने कहा कि सरकार इस परियोजना को समय पर पूरा कराने के लिए सभी आवश्यक सहयोग उपलब्ध कराएगी।

बैठक में परिवहन एवं बंदरगाह विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव संजय सेठी, महाराष्ट्र मैरीटाइम बोर्ड के वरिष्ठ अधिकारी, एम. जोया मरीन सर्विसेज प्राइवेट लिमिटेड के निदेशक जॉन फर्नांडिस, निदेशक सूरज देवाढिया और डॉ. नीलेश बनावलीकर सहित कई अधिकारी उपस्थित रहे।

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