MNS Workers Arrested For PM Modi Photo Removal: पुणे के गवर्नमेंट पॉलिटेक्निक कॉलेज में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की तस्वीर कथित तौर पर हटाए जाने के मामले ने राजनीतिक विवाद का रूप ले लिया है। इस मामले में पुलिस ने महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (मनसे) के दो कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार किया है।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, दोनों कार्यकर्ताओं से घटना को लेकर पूछताछ की जा रही है और मामले की जांच जारी है। इससे पहले सोमवार को मनसे प्रमुख राज ठाकरे के बेटे और पार्टी नेता अमित ठाकरे समेत अन्य लोगों के खिलाफ भी मामला दर्ज किया गया था।
शिकायत कॉलेज के एक अधिकारी ने दर्ज कराई थी। पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) और महाराष्ट्र पुलिस अधिनियम की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है।
कॉलेज अधिकारी की शिकायत के मुताबिक, मनसे की छात्र इकाई के प्रमुख अमित ठाकरे सोमवार दोपहर सदस्यता अभियान के सिलसिले में कॉलेज पहुंचे थे। आरोप है कि उन्होंने अपने समर्थकों से कॉलेज के एक कार्यालय की दीवार पर लगी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की तस्वीर हटाने को कहा।
यह तस्वीर छत्रपति शिवाजी महाराज, डॉ. बी. आर. आंबेडकर और राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू की तस्वीरों के साथ लगी हुई थी। शिकायत में आरोप लगाया गया कि अमित ठाकरे और उनके समर्थक बिना अनुमति कार्यालय में दाखिल हुए और तस्वीर हटाई।
इस दौरान कर्मचारियों को कथित तौर पर धमकाने, नारेबाजी करने और हंगामा करने के आरोप भी लगाए गए हैं। पुलिस अब घटना के दौरान मौजूद लोगों से पूछताछ कर पूरे घटनाक्रम की जानकारी जुटा रही है।
मामले पर प्रतिक्रिया देते हुए अमित ठाकरे ने कहा कि उनके राजनीतिक जीवन में पहला पुलिस मामला छत्रपति शिवाजी महाराज से जुड़े आंदोलन के कारण दर्ज हुआ है। उन्होंने कहा कि अगर दूसरा मामला भी छत्रपति शिवाजी महाराज के लिए दर्ज होता है तो उन्हें खुशी होगी।
वहीं, भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) नेता गणेश बिडकर ने इस कार्रवाई की आलोचना की। उन्होंने अमित ठाकरे पर राजनीतिक अपरिपक्वता दिखाने का आरोप लगाते हुए कहा कि सरकारी कार्यालयों में राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री और प्रतिष्ठित हस्तियों की तस्वीरें लगाना निर्धारित प्रोटोकॉल का हिस्सा है।
बिडकर के मुताबिक, ऐसा लगता है कि अमित ठाकरे को इस प्रोटोकॉल की जानकारी नहीं है। फिलहाल पुलिस मामले में आगे की जांच कर रही है और गिरफ्तार दोनों कार्यकर्ताओं से पूछताछ जारी है।