पवना नदी में जमा सफेद झाग (सोर्स: सोशल मीडिया)
पुणे

पिंपरी-चिंचवड़ में फिर झाग से पटी पवना नदी: केमिकल और सीवेज से बढ़ा प्रदूषण, जलजीवन पर मंडराया संकट

Pavana River Foam Pollution: पिंपरी-चिंचवड़ की पवना नदी में केजुबाई बंधारे के पास एक बार फिर जहरीला झाग जमा हो गया है। बिना उपचारित सीवेज और रासायनिक पानी नदी में छोड़े जाने से जलजीवन संकट में है।

वेदांत जोशी

Kejubai Bandhara Chinchwad Toxic Foam Issue: पिंपरी-चिंचवड़ शहर की प्रमुख जीवनदायिनी पवना नदी एक बार फिर भीषण प्रदूषण की चपेट में आ गई है। चिंचवड़ स्थित केजुबाई बांध (बंधारे) के पास नदी का पानी सफेद झाग (फॉर्म) से पूरी तरह ढक गया है। स्थानीय नागरिकों और पर्यावरणप्रेमियों ने आरोप लगाया है कि नदी में बिना किसी उपचार (ट्रीटमेंट) के जहरीला रासायनिक कचरा और सीवेज का गंदा पानी बेधड़क छोड़ा जा रहा है, जिससे जलीय जीवन पर गंभीर संकट मंडराने लगा है।

दुर्गंध से लोग परेशान, सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट पर उठे सवाल

झाग जमने के कारण आसपास के रिहायशी इलाकों में तीव्र दुर्गंध फैल रही है, जिससे लोगों का सांस लेना दूभर हो गया है। स्थानीय निवासियों के अनुसार, शहर में बने सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट (STP) की क्षमता बेहद कम है, जिसके चलते नालों के जरिए गंदा पानी सीधे नदी में मिल रहा है।

इसके अतिरिक्त, औद्योगिक क्षेत्रों की कंपनियों द्वारा रात के अंधेरे में खतरनाक रासायनिक अपशिष्ट नदी में बहाए जाने की आशंका जताई जा रही है। हालांकि, प्रदूषण के मुख्य स्रोत की सटीक जानकारी विस्तृत जांच के बाद ही साफ हो पाएगी।

सिर्फ नोटिस तक सीमित कार्रवाई से नाराजगी

पर्यावरण प्रेमियों ने प्रशासन की ढुलमुल कार्यशैली पर कड़ा आक्रोश व्यक्त किया है। उनका आरोप है कि महाराष्ट्र प्रदूषण नियंत्रण मंडल (MPCB) और महानगरपालिका की कार्रवाई केवल कागजी नोटिस जारी करने तक ही सीमित रह जाती है।

उन्होंने मांग की है कि नदी को प्रदूषित करने वाले उद्योगों और जिम्मेदार अधिकारियों की पहचान कर उनके खिलाफ सख्त से सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए, ताकि पवना नदी के अस्तित्व और पर्यावरण को बचाया जा सके।

मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ महाभियोग का दांव, दोनों सदनों में नोटिस की तैयारी

Sikkim Landslide: पश्चिम सिक्किम के रिंबी में भारी भूस्खलन, मडस्लाइड का खतरा

मुख्य चुनाव आयुक्त से इस्तीफे की मांग तेज, सीजेपी ने दिया 48 घंटे का अल्टीमेटम

चापलूसी का शौक है तो मोदी के चपरासी बन जाओ, ज्ञानेश कुमार पर भड़के अभिजीत दीपके

M3M Hurun Rich List 2026: भारत के टॉप 10 अमीर कारोबारी, जानें किसकी कितनी संपत्ति