Pune Metro Phase 2 DPR Approved: पिंपरी-चिंचवड़ की सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था को अगले कई दशकों की जरूरतों के अनुरूप विकसित करने की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है। 12 हजार 937 करोड़ की लागत से प्रस्तावित पुणे मेट्रो फेज-2 के अंतर्गत भक्ति शक्ति-वाकड-नाशिक फाटा-चाकण मेट्रो कॉरिडोर के डीपीआर को पिंपरी-चिंचवड़ महानगरपालिका की सामान्य सभा के समक्ष मंजूरी के लिए प्रस्तुत किया गया।
इस परियोजना के जरिए शहर में मेट्रो नेटवर्क का व्यापक विस्तार होगा, जबकि भविष्य में 'रिंग मेट्रो नेटवर्क' विकसित करने की दिशा भी तय की गई है। बैठक में महापौर रवि लांडगे, सांसद श्रीरंग बारणे, विधायक शंकर जगताप, विधायक उमा खापरे, उपमहापौर शर्मिला बाबर, सत्तारूढ़ दल के नेता प्रशांत
शितोले, विपक्ष के नेता भाऊसाहेब भोईर, स्थायी समिति के सभापति अभिषेक बारणे, महामेट्रो के प्रबंध निदेशक श्रावण हर्डीकर, अतिरिक्त आयुक्त तृप्ती सांडभोर सहित महामेट्रो और महापालिका के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
प्रस्तावित मेट्रो कॉरिडोर की कुल लंबाई 45.295 किलोमीटर होगी, जिसमें 34 आधुनिक मेट्रो स्टेशन बनाए जाएंगे। इस परियोजना का उद्देश्य पिंपरी-चिंचवड़ के तेजी से बढ़ते औद्योगिक, आईटी और आवासीय क्षेत्रों को तेज, सुरक्षित और पर्यावरण अनुकूल सार्वजनिक परिवहन से जोडना है।
नई मेट्रो लाइन को चार प्रमुख मेट्रो स्टेशनों से एकीकृत रूप से जोड़ा जाएगा। इनमें भक्ति शक्ति (फेज-1 विस्तार), वाकड चौक (पुणे मेट्रो लाइन-3), नाशिक फाटा (लाइन-1) और संत तुकाराम नगर (लाइन-1) शामिल हैं। इससे यात्रियों को विभिन्न मेट्रो लाइनों के बीच निर्बाध यात्रा की सुविधा मिलेगी और इंटरचेंज प्रणाली अधिक प्रभावी बनेगी।
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डीपीआर में भविष्य की परिवहन आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए निगड़ी-तलवडे आईटी पार्क-चाकण 'मिसिंग लिंक' मेट्रो कॉरिडोर विकसित करने का प्रस्ताव भी शामिल किया गया है। इस कॉरिडोर के माध्यम से पिपरी-चिंचवड, हिंजवडी और चाकण को जोड़ते हुए रिंग मेट्रो नेटवर्क' तैयार करने की योजना है। इससे शहर के विभिन्न हिस्सों के बीच यात्रा आसान होगी और मुख्य मार्गों पर यातायात का दबाव कम करने में मदद मिलेगी।
परियोजना में तलेगांव-चाकण-शिक्रापुर मार्ग पर भविष्य के मेट्रो विस्तार को ध्यान में रखते हुए इंटीग्रेटेड डबल डेकर कॉरिडोर विकसित करने का सुझाव दिया गया है। इसके अलावा भक्ति-शक्ति चौक, भुजबल चौक, वल्लभनगर और मोशी में विश्वस्तरीय मल्टी मॉडल ट्रांसपोर्ट हब विकसित करने का प्रस्ताव रखा गया है। इन हब्स पर मेट्रो, बीआरटी, पीएमपीएमएल बस, राज्य परिवहन तथा अन्य सार्वजनिक परिवहन सेवाओं को एक ही स्थान पर उपलब्ध कराया जाएगा।