अजित पवार के अंतिम दर्शन की लिए उमड़ी भीड़ (सोर्स: पीटीआई) 
पुणे

काटेवाड़ी की सड़कों पर सिसकियों का शोर, पैतृक गांव में अजित पवार के अंतिम दर्शन के लिए उमड़ा था जनसैलाब

Ajit Pawar Funeral: महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री अजित पवार के निधन से पूरे राज्य में शोक की लहर है। उनके पैतृक गांव काटेवाड़ी में अंतिम दर्शन के लिए हजारों समर्थकों की भीड़ उमड़ पड़ी है।

आकाश मसने

Last Rites Of Ajit Pawar: पुणे के बारामती स्थित काटेवाड़ी गांव आज आंसुओं में डूबा है। विमान हादसे में जान गंवाने वाले एनसीपी नेता और उपमुख्यमंत्री अजित पवार का अंतिम संस्कार बारामती के विद्या प्रतिष्ठान मैदान में राजकीय सम्मान के साथ किया गया। इससे पहले आज सुबह उनका पार्थिव शरीर जैसे ही उनके पैतृक गांव काटेवाड़ी के निवास स्थान पहुंचा, 'अजित दादा अमर रहे' के नारों से आसमान गूंज उठा। अपने जनप्रिय नेता को अंतिम विदाई देने महाराष्ट्र के कोने-कोने से लोग पहुंचे थे।

काटेवाड़ी की सड़कों पर सिसकियों का शोर

गुरुवार की सुबह काटेवाड़ी गांव के लिए एक ऐसी सुबह लेकर आई, जिसकी कल्पना किसी ने नहीं की थी। बारामती हवाई पट्टी के पास हुए विमान हादसे में अजित पवार (66) के आकस्मिक निधन के बाद आज उनके पैतृक आवास पर अंतिम दर्शन की प्रक्रिया शुरू हुई। सुबह से ही बारामती, काटेवाड़ी, और आसपास के दर्जनों गांवों से हजारों की संख्या में लोग अपने 'दादा' की एक झलक पाने के लिए कतारों में खड़े दिखे।

भावुक हुए समर्थक: "अजित दादा जैसा कोई दूसरा नहीं"

भीड़ में मौजूद हर शख्स की आंखों में आंसू थे। 65 वर्षीय ग्रामीण गणपत थोम्ब्रे ने रुंधे गले से बताया कि अजित पवार ने न केवल क्षेत्र का विकास किया, बल्कि व्यक्तिगत स्तर पर भी लोगों की मदद की। उन्होंने कहा, "दादा ने मेरी पोती के मेडिकल दाखिले में मदद की थी। उन्होंने सड़कों और स्कूलों का जाल बिछाकर इस क्षेत्र की सूरत बदल दी। महाराष्ट्र ने अपना एक अनमोल हीरा खो दिया है।"

परिवार और दिग्गजों ने दी श्रद्धांजलि

पवार के निवास स्थान पर उनके पार्थिव शरीर के पास पत्नी सुनेत्रा पवार, पुत्र पार्थ और जय, और भाई श्रीनिवास पवार हाथ जोड़े खड़े नजर आए। परिवार को ढांढस बंधाने के लिए राजनीति और सिनेमा जगत की बड़ी हस्तियां भी पहुंचीं। मनसे प्रमुख राज ठाकरे, अभिनेता रितेश देशमुख सहित कई मंत्रियों और गणमान्य व्यक्तियों ने काटेवाड़ी पहुंचकर पुष्पचक्र अर्पित किए।

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