TCS Nashik Case Update: महाराष्ट्र के नासिक में टीसीएस (TCS) के एक कर्मचारी के कथित जबरन धर्मांतरण मामले ने कानूनी तूल पकड़ लिया है। इस मामले की मुख्य आरोपी निदा खान को गिरफ्तार करने के बाद अदालत ने सोमवार तक पुलिस हिरासत (Police Custody) में भेज दिया है। शिकायतकर्ता के वकील मिलिंद कुरकुटे ने अदालत की कार्यवाही और मामले की गंभीरता पर विस्तृत जानकारी दी।
मामले की जानकारी देते हुए एडवोकेट मिलिंद कुरकुटे ने बताया, लोक अभियोजक (Public Prosecutor) और जांच मशीनरी ने अदालत से प्रार्थना की थी कि मामले की प्रकृति और गंभीरता को देखते हुए निदा खान को पांच दिन की पुलिस हिरासत में भेजा जाए। हालांकि, अदालत ने सभी पक्षों को सुनने के बाद दो दिन की पुलिस हिरासत पर्याप्त समझी और उसे सोमवार तक के लिए रिमांड पर भेज दिया।
वकील मिलिंद कुरकुटे ने आगे स्पष्ट किया कि निदा खान ने इससे पहले गिरफ्तारी से बचने के लिए अग्रिम जमानत (Anticipatory Bail) की अर्जी दी थी, जिसे कोर्ट ने खारिज कर दिया था। अग्रिम जमानत याचिका खारिज होने के बाद आरोपी ने हाई कोर्ट का रुख नहीं किया और अब उसे गिरफ्तार कर लिया गया है।
शिकायतकर्ता पक्ष का आरोप है कि यह केवल धर्मांतरण का मामला नहीं है, बल्कि पीड़ित की धार्मिक भावनाओं के साथ खिलवाड़ किया गया है। एडवोकेट कुरकुटे ने कहा, निदा खान वह व्यक्ति है जिसने पीड़ित की धार्मिक भावनाओं के प्रति जानबूझकर और दुर्भावनापूर्ण कृत्य किए हैं। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए जांच एजेंसी अब इस साजिश की गहराई तक जाने की कोशिश करेगी।
यह पूरा विवाद नासिक स्थित टीसीएस कंपनी के एक कर्मचारी से जुड़ा है, जिसमें आरोप लगाया गया है कि निदा खान और उसके सहयोगियों ने मिलकर पीड़ित पर धर्म परिवर्तन के लिए दबाव बनाया था। इस घटना के सामने आने के बाद से ही शहर में तनाव का माहौल था और हिंदू संगठनों ने सख्त कार्रवाई की मांग की थी। अब पुलिस इस दो दिन की हिरासत के दौरान निदा खान से यह जानने की कोशिश करेगी कि क्या इस धर्मांतरण के पीछे कोई बड़ा सिंडिकेट या नेटवर्क काम कर रहा है।