Nida Khan Fifth Bail Application Rejected: नासिक के टीसीएस मामले में मुख्य आरोपी निदा खान को अदालत से एक बार फिर बड़ा झटका लगा है। जिला अदालत नंबर 6 ने निदा खान की पांचवीं जमानत याचिका को पूरी तरह से खारिज कर दिया है। इस मामले में विशेष जांच दल (SIT) द्वारा की गई कानूनी कार्रवाई को अदालत ने सही ठहराया है, जिससे आरोपी पक्ष की मुश्किलें और ज्यादा बढ़ गई हैं।
इस मामले की सुनवाई के दौरान कोर्ट में दोनों पक्षों के बीच जोरदार कानूनी बहस देखने को मिली। मामले की जानकारी देते हुए सरकारी वकील विजय गायकवाड़ ने बताया कि आरोपी निदा खान के वकीलों ने अदालत के सामने अपनी मुवक्किल को बेगुनाह साबित करने की पूरी कोशिश की। बचाव पक्ष के वकीलों ने दलील दी थी कि इस पूरे मामले में निदा खान की कोई गलती नहीं है और SIT द्वारा की गई उनकी गिरफ्तारी पूरी तरह से अवैध और कानून के खिलाफ है। आरोपी के वकीलों ने यह भी दावा किया कि निदा खान ने जांच एजेंसी और पुलिस प्रशासन का हर मोड़ पर सहयोग किया है। उन्होंने कोर्ट से कहा कि जब आरोपी जांच में पूरा सहयोग कर रही हैं, तो ऐसी स्थिति में उनकी गिरफ्तारी करना और उन्हें हिरासत में रखना गलत है। बचाव पक्ष के मुताबिक, यह गिरफ्तारी नहीं की जानी चाहिए थी।
हालांकि, कोर्ट ने बचाव पक्ष के जांच में सहयोग और अवैध गिरफ्तारी के सभी दावों और दलीलों को सिरे से नकार दिया। सरकारी वकील विजय गायकवाड़ ने स्पष्ट किया कि एसआईटी ने इस पूरे मामले में बेहद पुख्ता सबूतों के आधार पर और पूरी कानूनी प्रक्रिया का पालन करते हुए ही सख्त कदम उठाया है। एसआईटी ने अदालत के सामने आरोपी की कस्टडी की आवश्यकता को सही ढंग से प्रस्तुत किया।
अदालत ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनने और मामले की गंभीरता को देखते हुए यह माना कि आरोपी को इस स्तर पर राहत देना जांच को प्रभावित कर सकता है। नतीजतन, जिला अदालत नंबर 6 ने निदा खान की पांचवीं बेल एप्लीकेशन को भी रिजेक्ट कर दिया।
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नासिक का यह मामला सामने आने के बाद से ही लगातार सुर्खियों में बना हुआ है। इसमें वित्तीय धोखाधड़ी और गंभीर आपराधिक कड़ियों के जुड़े होने का संदेह है, जिसकी गहराई से जांच करने के लिए ही विशेष जांच दल (SIT) का गठन किया गया था। निदा खान को इस पूरे रैकेट या घटनाक्रम की एक मुख्य कड़ी माना जा रहा है। पांचवीं बार जमानत याचिका खारिज होने के बाद अब निदा खान को जेल में ही रहना होगा। इस फैसले से साफ है कि आने वाले दिनों में एसआईटी फरार आरोपियों और इस मामले से जुड़े अन्य चेहरों पर अपनी कानूनी पकड़ और ज्यादा मजबूत करेगी।