नासिक में गड्ढों की समस्या AI जनरेटेड इमेज
नासिक

8 दिन का वादा हवा-हवाई! गड्ढे न भरने पर भड़का प्रहार संगठन, 12 अगस्त से शहरभर में चरणबद्ध आंदोलन का ऐलान

Nashik Pothole Protest: नासिक में गड्ढों की समस्या को लेकर प्रहार संगठन 12 अगस्त से आंदोलन शुरू करेगा। संगठन शहर के गड्ढों में काले झंडे लगाकर मनपा प्रशासन का विरोध करेगा।

अंकिता पटेल

Nashik Potholes Black Flags: नासिक शहर की सड़कों पर जानलेवा गड्डों की समस्या लगातार बेहद गंभीर बनी हुई है। मनपा प्रशासन की कार्यप्रणाली के विरोध में प्रहार संगठन ने अब सड़कों के गड्डों में काले झंडे लगाकर अनोखा और उग्र आंदोलन करने का निर्णय लिया है। सिंहस्थ कुंभमेले के मंत्री गिरीश महाजन ने गत 1 अगस्त को यह आश्वासन दिया था कि आठ दिनों के भीतर शहर के सभी गड्ढे भर दिए जाएंगे, लेकिन अब भी सड़कों पर बड़ी संख्या में गड्ढे ज्यों के त्यों कायम हैं, ऐसा दावा प्रहार संगठन द्वारा किया गया है।

पिछले दो वर्षों में गड्ढे भरने और सड़क मरम्मत के नाम पर भारी-भरकम राशि खर्च की जा चुकी है, लेकिन इसके बावजूद सड़कों की स्थिति में कोई सुधार नहीं हुआ है, जिससे कार्यों में अनियमितता, घटिया काम और फर्जी बिलों का गंभीर संदेह पैदा होता है। प्रहार ने इस पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच कराने की मांग की है और दोषी अधिकारियों व ठेकेदारों पर कड़ी कार्रवाई कर मनपा व सरकार को हुए आर्थिक नुकसान की वसूली करने की पुरजोर मांग उठाई है।

प्रशासन के खिलाफ इस आंदोलन की शुरुआत आगामी 12 अगस्त को सुबह 11 बजे पंचवटी विभागीय कार्यालय से की जाएगी। इसके बाद शहर के विभिन्न क्षेत्रों में चरणबद्ध तरीके से विरोध प्रदर्शन किया जाएगा।

  • 13 अगस्तः जेल रोड व नासिक रोड क्षेत्र।

  • 14 अगस्तः त्र्यंबकेश्वर रोड व सातपुर रोड क्षेत्र।

  • 17 अगस्तः सिडको व नया नासिक क्षेत्र।

  • 18 अगस्तः पाथर्डी फाटा, राजीव नगर व इंदिरानगर क्षेत्र।

  • 19 अगस्तः नांदूर नाका व आडगांव क्षेत्र।

  • 20 अगस्तः गंगापुर रोड क्षेत्र के गड्डों में काले झंडे लगाकर कड़ा विरोध प्रदर्शन किया जाएगा।

इस आंदोलन की मुख्य बातें

प्रशासन ने यदि इस पर तत्काल कोई ठोस कार्रवाई नहीं की, तो आंदोलन को और अधिक तीव्र करने की कड़ी चेतावनी प्रहार संगठन के दत्तू बोडके, शरद शिंदे, शाम गोसावी, जगन काकडे, अमजद पठाण, निवृत्ती धात्रक, वैभव रोकडे और रुपेश परदेशी द्वारा दी गई है।

मंत्री गिरीश महाजन द्वारा दिए गए आठ दिन के भीतर गड्ढे भरने के आश्वासन की मियाद पूरी होने के बाद भी सड़कों पर गड्ढे कायम हैं। प्रहार संगठन ने मनपा प्रशासन के खिलाफ 12 अगस्त से शहरभर में काले झंडे लगाकर आंदोलन करने की घोषणा की है।

पिछले दो वर्षों में सड़क मरम्मत के नाम पर हुए खर्च की उच्चस्तरीय जांच और दोषियों पर कार्रवाई की मांग की गई है। आंदोलन की शुरुआत 12 अगस्त को पंचवटी विभागीय कार्यालय से होगी और यह 20 अगस्त तक अलग-अलग क्षेत्रों में चलेगा।

दो साल में करोड़ों का खर्च

पिछले दो वर्षों के दौरान शहर के विभिन्न हिस्सों में सड़कों की मरम्मत और गड्ढे भरने के नाम पर मनपा प्रशासन की ओर से पानी की तरह पैसा बहाया गया है। करोड़ों रुपये खर्च होने के बावजूद आज भी शहर का शायद ही कोई ऐसा मुख्य मार्ग बचा होगा, जो पूरी तरह सुरक्षित और गड्डुमुक्त हो।

मानसून के दिनों में ये गड्ढे वाहन चालकों के लिए मौत का कुआं साबित हो रहे है, जिससे नागरिकों में नगर निगम की कार्यशैली के प्रति भारी रोष व्याप्त है। प्रहार संगठन का आरोप है कि कागजों पर सड़कों की मरम्मत दिखा कर केवल सरकारी फंड का दुरुपयोग किया गया है, जिसकी स्वतंत्र एजेंसी से निष्पक्ष जांच होनी चाहिए।

आम नागरिकों को हो रही भारी परेशानी

सड़कों पर बने गहरे और जानलेवा गड्ढों के कारण रोजाना दोपहिया वाहन चालक दुर्घटनाओं का शिकार होकर गंभीर रूप से घायल हो रहे हैं, विशेषकर स्कूल जाने वाले छोटे बच्चों, बुजुर्गों और महिलाओं के लिए इन रास्तों से गुजरना किसी जोखिम से कम नहीं है।

भारी ट्रैफिक के बीच जब वाहन चालक गड्डों से बचने की कोशिश करते हैं, तो आए दिन ट्रैफिक जाम की स्थिति भी बन जाती है। स्थानीय नागरिकों का कहना है कि बार-बार शिकायत करने के बावजूद जिम्मेदार अधिकारी केवल आश्वासन देते हैं, जमीनी स्तर पर कोई ठोस राहत नहीं मिल रही है।

Captain Smit Machchhar: PM नरेंद्र मोदी ने कैप्टन स्मित की बहादुरी को सराहा, पत्नी और माता-पिता से की बात

नीतीश पर CWC में बहस पर सोनिया गांधी की दो टूक, 9 साल बाद लौटेंगे शंकरसिंह वाघेला? कांग्रेस में सियासत तेज

एलपीजी ग्राहक हो जाए सतर्क! यदि आपने नहीं कराया आधार e-KYC तो बढ़ सकती है परेशानी, जानिए केवाईसी प्रोसेस

UPSC के 100 साल पूरे, PM नरेंद्र मोदी आज भारत मंडपम में होंगे शामिल, स्मारक सिक्का-डाक टिकट होगा जारी

माल उठाया लेकिन कभी पहुंचाया ही नहीं, चोरी के मामले में दो भारतीय दोषी करार! वारदात के लिए ऐसे करता था खेल