Lasalgaon Onion Market: दीपावली और दशहरा जैसे प्रमुख त्योहारों के ठीक पहले देश की प्रमुख प्याज मंडी लासलगांव में प्याज के दामों में बड़ी गिरावट दर्ज की गई है, जिससे प्याज उत्पादक किसान बेहद चिंतित हैं। कर्नाटक राज्य से रोजाना 2 से 2.5 लाख बोरी नए लाल प्याज की आवक हो रही है, जबकि मध्य प्रदेश से भी पुराना गर्मी का प्याज भारी मात्रा में मंडी में पहुंच रहा है। प्याज निर्यातक व्यापारी प्रवीण कदम के अनुसार, इस बढ़ी हुई आवक का सीधा असर लासलगांव मंडी के भावों पर पड़ा है।
पिछले सप्ताह शुक्रवार को लासलगांव कृषि उपज मंडी समिति में प्याज का अधिकतम भाव 5128, न्यूनतम 1200 और औसत भाव ₹4,300 प्रति क्विंटल दर्ज किया गया था। हालांकि, बाहरी राज्यों से बढ़ी आवक के कारण पिछले तीन दिनों में दामों में चरणबद्ध तरीके से गिरावट आई है। मंगलवार को मंडी में प्याज का अधिकतम भाव 4451 रुपए, न्यूनतम 1000 और औसत भाव 3900 रुपए प्रति क्विंटल रहा।
इस प्रकार शुक्रवार की तुलना में अधिकतम भाव में 677 और न्यूनतम भाव में 200 रुपये प्रति क्विंटल की गिरावट आई है, जबकि औसत दर में भी लगभग 400 रुपए प्रति क्विंटल की कमी दर्ज की गई है। कर्नाटक से नया लाल प्याज और मध्य प्रदेश से पुराना प्याज बाजार में एक साथ आने से आपूर्ति बढ़ गई है, जिससे कीमतों पर दबाव बन गया है। पहले से ही सूखे की स्थिति का सामना कर रहे किसानों की आर्थिक परेशानियां इस गिरावट से और बढ़ने के आसार हैं। उत्पादन लागत, बढ़ी हुई मजदूरी और परिवहन खर्च के बाद लगातार गिरते दामों ने किसानों की चिंता बढ़ा दी है।
प्याज उत्पादक किसान अशोक जाधव ने कहा कि तीन एकड़ में प्याज की फसल ली थी। निकालते समय बेमौसम बारिश से बड़ा नुकसान हुआ। मई-जून में करीब 1000 रुपए प्रति क्विंटल के भाव पर प्याज बेचना पड़ा था। बाकी प्याज परिवार के खर्च के लिए संभालकर रखा था। पिछले हफ्ते लासलगांव में वही प्याज 4200 रुपए प्रति क्विंटल बिका, लेकिन आज उसका भाव घटकर 3400 रुपए प्रति क्विंटल रह गया, जिससे मुझे भारी नुकसान हुआ है।