खस्ताहाल सड़कें,(सोर्स: नवभारत फाइल फोटो)  
नागपुर

नागपुर की नरक जैसी सड़कों से परेशान बुजुर्ग का बड़ा कदम; हाई कोर्ट के जज को पत्र लिख लगाई न्याय की गुहार

Nagpur Roads News: नागपुर की जर्जर सड़कों, गड्ढों और जलभराव की समस्या से परेशान एक बुजुर्ग नागरिक ने हाई कोर्ट को पत्र लिखकर हस्तक्षेप और जिम्मेदार विभागों पर कार्रवाई की मांग की है।

अंकिता पटेल

Nagpur Road Infrastructure: नागपुर शहर के कई इलाकों की खस्ताहाल सड़कों और कई स्थानों पर लंबे समय से बने हुए गड्डों तथा जलभराव की समस्या को लेकर एक बुजुर्ग नागरिक ने बॉम्बे हाई कोर्ट की नागपुर खंडपीठ के न्यायाधीश को पत्र भेजकर हस्तक्षेप की मांग की है। पत्र में शहर के विभिन्न हिस्सों में सड़कें खस्ताहाल होने और इससे आम नागरिकों को होने वाली परेशानियों का उल्लेख करते हुए संबंधित विभागों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की गई है।

कई प्रमुख स्थानों की समस्याएं गिनाईं

न्यायाधीश को संबोधित पत्र में बुजुर्ग नागरिक ने कहा है कि शहर के अनेक हिस्सों में लंबे समय से सड़कें टूट चुकी हैं और बड़े-बड़े गड्डों के कारण यातायात प्रभावित हो रहा है। पत्र में इंदौरा चौक स्थित मेट्रो स्टेशन और जसवंत टॉकीज के सामने का मार्ग, ऑटोमोटिव चौक के पास मेट्रो स्टेशन क्षेत्र, उप्पलवाड़ी रेलवे ब्रिज के नीचे वर्षों से जमा पानी तथा पावर ग्रिड से नारी बस्ती जाने वाले मार्ग की बदहाली का विशेष रूप से उल्लेख किया गया है।

दुर्घटनाओं का बढ़ रहा खतरा

पत्र में कहा गया है कि खराब सड़कों के कारण यातायात व्यवस्था प्रभावित हो रही है और आए दिन दुर्घटनाओं की आशंका बनी रहती है। कई स्थानों पर वाहन फिसल रहे हैं जिससे लोगों की सुरक्षा खतरे में पड़ गई है। विशेष रूप से स्कूटर और दोपहिया वाहनों से बच्चों को स्कूल छोड़ने वाले अभिभावकों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। बुजुर्ग नागरिक ने अपने पत्र में उल्लेख किया है कि इस संबंध में पहले भी संबंधित विभागों को कई पत्र भेजे जा चुके हैं लेकिन अब तक किसी प्रकार की ठोस कार्रवाई नहीं की गई। उन्होंने कहा कि बारिश का मौसम शुरू हो चुका है और यदि समय रहते व्यवस्था नहीं सुधारी गई तो नागरिकों की परेशानी और बढ़ सकती है।

विभागों की कार्यशैली पर उठाए सवाल

पत्र में सार्वजनिक निर्माण विभाग, नागपुर महानगरपालिका और अन्य संबंधित अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए गए है। नागरिक ने आरोप लगाया है कि शिकायतों के बावजूद जिम्मेदार विभाग गंभीरता नहीं दिखा रहे हैं। उन्होंने कहा कि आम जनता की सुरक्षा से जुड़े मामलों में लापरवाही स्वीकार्य नहीं है।

इस पत्र की प्रतियां सार्वजनिक निर्माण विभाग के मुख्य अभियंता और कार्यपालन अभियंता, नागपुर महानगरपालिका आयुक्त, आशीनगर जोन के कार्यपालन अभियंता, केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी, भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई), जिला कलेक्टर, कपिल नगर थाने के उपनिरीक्षक आदि को भी भेजी गई हैं।

बुजुर्ग नागरिक ने बॉम्बे हाई कोर्ट की नागपुर खंडपीठ से अनुरोध किया है कि शहर की बदहाल सड़कों और जलभराव की समस्या को गंभीरता से लेते हुए संबंधित विभागों को आवश्यक निर्देश दिए जाएं, उन्होंने दोषी अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करते हुए नागरिकों को इस समस्या से मुक्ति दिलाने की मांग की है। उनका कहना है कि शहर के लोगों को सुरक्षित और सुगम यातायात का अधिकार मिलना चाहिए तथा प्रशासन को इस दिशा में तत्काल प्रभाव से कदम उठाने चाहिए।

आज की ताजा खबर 11 अगस्त LIVE: भाजपा ने छात्रों के समर्थन में आज झारखंड बंद का आह्वान किया

बंगाल SIR पर सुप्रीम कोर्ट सख्त, वोटर लिस्ट से हटाए गए नामों पर चुनाव आयोग से मांगा जवाब, जारी किया नोटिस

चर्चा से भाग रहा है विपक्ष जंतर-मंतर और राम मंदिर विवाद पर लोकसभा-राज्यसभा ठप, जानिए संसद में आज क्या-क्या हुआ

PM मोदी से मिले सुप्रिया सुले और NCP-SP के 8 सांसद, 15 मिनट की मुलाकात में उठे महाराष्ट्र के 8 अहम मुद्दे

संसद में विपक्ष हंगामे के बीच NDA का मंगल मिलन, PM मोदी और सांसदों ने लहराया तिरंगा, एकता का दिया संदेश