नागपुर महानगरपालिका (सोर्स: सोशल मीडिया) 
नागपुर

नागपुर मनपा में 6 मार्च को होगा विषय समितियों का चुनाव, पर नवनिर्वाचितों के लिए बैठने की नहीं है जगह

NMC Election नागपुर महानगरपालिका में प्रशासक राज खत्म होने के बाद राजनीतिक हलचल तेज है। 6 मार्च को विषय समितियों के चुनाव होंगे। इधर प्रशासन के पास नवनिर्वाचित सभापतियों के लिए कार्यालय तक नहीं हैं।

आकाश मसने

NMC Subject Committee Chairman Election: नागपुर महानगरपालिका में 4 वर्षों के प्रशासक राज के बाद अब सत्ता स्थापना के साथ ही राजनीतिक गतिधियां भी तेज हो गई हैं। इसका अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि जहां 2 मार्च को स्थायी समिति सभापति और परिवहन समिति सभापति का चुनाव होने जा रहा है उसी तरह से अब 6 मार्च को विभिन्न विषय समितियों के सभापति और उपसभापति के लिए भी चुनाव होने जा रहा है जिसके लिए प्रशासन ने सूचना भी जारी कर दी है।

उल्लेखनीय है कि हाल ही में हुई मनपा की विशेष सभा में समिति के सदस्यों का चयन किया गया जिसमें भाजपा और कांग्रेस के अलावा एआईएमआईएम और मुस्लिम लीग के सदस्यों के नाम चयनित किए गए। विशेषत: महानगरपालिका के आम चुनावों में भाजपा ने 102 पार्षदों के साथ भारी जीत दर्ज की जिससे सभी समितियों में उसके ही सभापति और उपसभापति बनना तय है। इसके बावजूद नियमों के अनुसार इन पदों के लिए चुनाव कराना होता है। यही कारण है कि पीठासीन अधिकारी के नेतृत्व में चुनाव होंगे।

कार्यालयों को लेकर ‘मारा-मारी’

उल्लेखनीय है कि स्थायी समिति और परिवहन समिति के अलावा नागपुर महानगरपालिका में कुल 12 विषय समितियां हैं जिनके सभापति और उपसभापति के लिए 6 मार्च को चुनाव होंगे। स्थायी समिति, परिवहन समिति और दुर्बल घटक समिति को मनपा कानून में संवैधानिक मान्यता है। इस महत्व को देखते हुए प्रशासन की ओर से तीनों समितियों के लिए पहले से कार्यालय तैयार किए गए किंतु विषय समितियों के सभापति और उपसभापति के कार्यालय अब तक तय नहीं हो पाए हैं। यहां तक कि अब तक राजनीतिक दलों के ही कार्यालयों का रंगरोगन होना बाकी है। राजनीतिक जानकारों की मानें तो 4 वर्ष बाद सत्ता में वापस लौटने के कारण भले ही भाजपा को सभापति और उपसभापति के चुनाव की जल्दबाजी हो लेकिन प्रशासन इसके लिए पूरी तरह से तैयार नहीं है। कार्यालयों को लेकर फिलहाल मनपा में ‘मारा-मारी’ जारी है।

व्यवस्था नहीं, कहां करेंगे पदग्रहण

इन समितियों को कार्यालय और कर्मचारी सहित अन्य सुविधाएं उपलब्ध कराना मनपा के सामान्य प्रशासन विभाग का काम है। सामान्य प्रशासन विभाग की माने तो उनके पास कर्मचारियों की कमी है। ऐसे में इन समितियों के लिए कर्मचारी कहां से उपलब्ध कराया जाए, इसे लेकर माथापच्ची चल रही है। इसी तरह से कार्यालयों को लेकर भी अब तक कोई ठोस निर्णय नहीं लिया गया है।

बताया जाता है कि सामान्य प्रशासन विभाग ने विषय समितियों से संबंधित विभागों को ही उनके कार्यालयों में केबिन उपलब्ध कराने के निर्देश दिए हैं किंतु विभागों का मानना है कि उनके पास जगह ही नहीं है। ऐसे में 6 मार्च को भले ही सभापति और उपसभापति चुनकर आ जाएं लेकिन कहां पर पदग्रहण करेंगे, यह देखने लायक होगा।

इस तरह होंगे सभापति और उपसभापति

क्र. विशेष समिति का नाम सभापति उपसभापति
1 निर्माण एवं परियोजनाओं पर विशेष समिति अश्विनी जिचकर प्रदीप पोहाणे
2 चिकित्सा सेवाओं और स्वास्थ्य संबंधी विशेष समिति मनीषा अतकरे श्रीकांत अगलावे
3 विधि विशेष समिति निधि तेलगोटे संजयकुमार बालपांडे
4 शिक्षा संबंधी विशेष समिति संतोष देवी लड्ढा भारती बुंदे
5 गलिच्छ बस्ती निर्मूलन एवं मकान निर्माण विशेष समिति रुतिका मसराम संदीप गवई
6 खेल विशेष समिति दर्शनी धवड़ संजय चावरे
7 महिला एवं बाल कल्याण संबंधी विशेष समिति सारिका नांदुरकर तारा यादव
8 जल आपूर्ति विशेष समिति दिव्या धुरडे विजय (पिंटू) झलके
9 कर वसूली और कर संग्रह पर विशेष समिति सरिता कावरे वीरेन्द्र कुकरेजा
10 अग्निशमन एवं विद्युत विशेष समिति माया इवनाते तुषार लारोकर

दशहरा समारोह में शामिल हुए PM मोदी, बोले- सत्ता का उद्देश्य जनकल्याण होना चाहिए

राजनीतिक खेल के कारण न छीनी जाए आजादी, सौरव दास-आशुतोष रांका की गिरफ्तारी का मामला पहुंचा हाई कोर्ट

भारत में प्रदर्शन, OTT प्लेटफॉर्म्स और विदेशी ताकतें, RSS प्रमुख मोहन भागवत के विजयादशमी भाषण की 10 बड़ी बातें

पश्चिम से चली आसुरी आंधी, भारत को तोड़ने का प्लान! विजयादशमी पर मोहन भागवत ने देश और आंदोलनकारियों को किया आगाह

RSS शताब्दी वर्ष विजयादशमी उत्सव 2026: नागपुर में मोहन भागवत ने किया शस्त्र पूजन