Sanjay Shirsat Controversial Statement On Chembur School Bus Accident: मुंबई के चेंबूर इलाके में मंगलवार को एक स्कूल बस पर अचानक पीपल का पेड़ गिर गया। इस दर्दनाक हादसे में 11 वर्षीय छात्र विहान श्रीवास्तव की मौत हो गई थी, जबकि 4 अन्य बच्चे गंभीर रूप से घायल हो गए थे। इस हादसे पर मंत्री संजय शिरसाट ने बेहद असंवेदनशील व बेरहम बयान दिया। इसके बाद राज्य की राजनीति में सियासी बवाल मच गया है।
दरअसर महाराष्ट्र विधानमंडल के मानसून सत्र में बुधवार को विपक्षी विधायकों के अलावा सत्ताधारी दल के भी कुछ विधायकों ने चेंबूर में स्कूल बस पर पेड़ गिरने के बाद हुए हादसे में एक स्कूली छात्र की दर्दनाक मौत का मुद्दा उठाया। उन्होंने इस घटना के लिए महायुति सरकार व बीएमसी की कड़ी आलोचना की। इस घटना को लेकर राज्य के सामाजिक न्याय मंत्री संजय शिरसाट ने बेहद असंवेदनशील व बेरहम बयान दिया।
उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना के नेता और राज्य के सामाजिक न्याय मंत्री संजय शिरसाट ने कहा कि कोई यह कैसे पता कर सकता है कि वहां पेड़ गिरने वाला था। पेड़ और बिजली गिरने के हादसों को रोकना इंसान के हाथ में नहीं है। इसके बाद विपक्ष ने मंत्री के बयान को लेकर उनकी तीखी आलोचना की।
इस बयान के सामने आते ही विपक्ष ने सरकार को आड़े हाथों लिया और जनता के बीच भी तीव्र आक्रोश देखा गया। चौतरफा आलोचनाओं से घिरने के बाद मंत्री संजय शिरसाट ने बुधवार को ही डैमेज कंट्रोल की कोशिश की। उन्होंने सफाई देते हुए कहा कि उनकी बात को गलत तरीके से पेश किया गया है। उन्होंने आगे कहा कि ऐसी दुर्घटनाओं को रोकने के लिए मुंबई नगर निगम (BMC) को मानसून से पहले ही पेड़ों की ठीक से छंटाई और ऑडिट करना चाहिए था।
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चेंबूर बस हादसे को लेकर कांग्रेस विधायक नाना पटोले ने बृहन्मुंबई महानगरपालिका (BMC) और महाराष्ट्र की महायुति सरकार को आड़े हाथ लिया। उन्होंने कहा कि मानसून की तैयारी सिर्फ कागजों पर की गई। उन्होंने आराेप लगाते हुए कहा कि नालों की सफाई व पेड़ों की कटाई के नाम पर सिर्फ घोटाला किया गया। पटोले ने मंत्री संजय शिरसाट द्वारा दिए गए बयान को बेहद शर्मनाक और असंवेदनशील बताया।