संजय राऊत ने केंद्र सरकार के भविष्य को लेकर किया दावा।
अप्रैल तक बड़े राजनीतिक बदलाव की जताई संभावना।
भाजपा के चार वरिष्ठ नेताओं के अलग रुख अपनाने का दावा।
मोदी-शाह के समर्थन में भाजपा नेताओं के सामने नहीं आने की बात कही।
पुलिस कार्रवाई और प्रदर्शनकारियों की गिरफ्तारी पर भी उठाए सवाल।
Mumbai Sanjay Raut Modi Shah Central Government BJP Political Crisis: शिवसेना (UBT) सांसद संजय राऊत ने दावा किया है कि अगले छह से सात महीनों में केंद्र सरकार गिर सकती है और अप्रैल तक देश में बड़ा राजनीतिक बदलाव देखने को मिल सकता है। उन्होंने भाजपा के भीतर असंतोष और वरिष्ठ नेताओं के पार्टी छोड़ने की संभावना का भी जिक्र किया
क्या अगले छह महीनों में केंद्र की सत्ता में बड़ा बदलाव हो सकता है? शिवसेना (UBT) सांसद संजय राऊत ने ऐसा दावा करते हुए कहा है कि मोदी-शाह युग का अंत निकट है। उनके मुताबिक, अगले छह से सात महीनों में केंद्र सरकार गिर सकती है और अप्रैल तक देश की राजनीति में बड़ा परिवर्तन देखने को मिल सकता है।
हालांकि, केंद्र सरकार के गिरने या भाजपा नेताओं के पार्टी छोड़ने को लेकर उन्होंने जो बातें कही हैं, वे उनके राजनीतिक दावे हैं। इन संभावनाओं की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।
संजय राऊत के मुताबिक, देश में केवल विपक्ष ही नहीं, बल्कि भाजपा के भीतर भी असंतोष की स्थिति है। उन्होंने दावा किया कि भाजपा के चार वरिष्ठ नेता अलग मनःस्थिति में हैं और पार्टी से अलग होने पर विचार कर रहे हैं।
राऊत ने आपातकाल के दौर में जगजीवन राम और हेमवती नंदन बहुगुणा जैसे वरिष्ठ नेताओं के कांग्रेस छोड़ने के उदाहरण का उल्लेख करते हुए भाजपा की मौजूदा स्थिति से इसकी तुलना की। उन्होंने सवाल उठाया कि विरोध प्रदर्शनों के बावजूद भाजपा के प्रमुख नेता प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के समर्थन में खुलकर सामने क्यों नहीं आ रहे हैं।
राऊत ने केंद्र सरकार पर पुलिस और सुरक्षा बलों के जरिए सत्ता बनाए रखने का आरोप लगाया। दिल्ली और मुंबई में हुए प्रदर्शनों का उल्लेख करते हुए उन्होंने महात्मा गांधी के परपोते तुषार गांधी की गिरफ्तारी को लेकर पुलिस कार्रवाई का विरोध किया।
उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार विरोध प्रदर्शनों से निपटने के लिए दमनकारी नीतियां अपना रही है। इसी आधार पर राऊत ने भविष्यवाणी की कि अगले छह से सात महीनों में केंद्र सरकार गिर सकती है।
संजय राऊत के बयान ने केंद्र की राजनीति और भाजपा की आंतरिक स्थिति को लेकर नई चर्चा छेड़ दी है। हालांकि, सरकार गिरने, भाजपा के वरिष्ठ नेताओं के पार्टी छोड़ने या अप्रैल तक राजनीतिक परिवर्तन होने के दावे फिलहाल उनकी राजनीतिक भविष्यवाणी हैं। इन दावों पर भाजपा की प्रतिक्रिया और आने वाले महीनों के राजनीतिक घटनाक्रम पर नजर रहेगी।