डोंबिवली में मनसे का आंदोलन (pic credit; social media) 
मुंबई

डोंबिवली में गड्ढों को लेकर मनसे का आंदोलन, प्रशासन को दी अंतिम चेतावनी

Mumbai News: डोंबिवली में सड़कों पर गड्ढों को लेकर मनसे ने जोरदार आंदोलन किया। प्रशासन से जवाब मांगते हुए चेतावनी दी गई कि यदि जल्द गड्ढे नहीं भरे गए तो और उग्र आंदोलन किया जाएगा।

सोनाली चावरे

Maharashtra News: डोंबिवली में सड़कों पर जगह-जगह बने गड्ढों के खिलाफ शनिवार को महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (मनसे) ने सर्वेश हाल परिसर में जोरदार आंदोलन किया। कार्यकर्ताओं ने स्पष्ट चेतावनी दी कि यदि जल्द ही गड्ढों को नहीं भरा गया, तो आगामी दिनों में और अधिक उग्र आंदोलन किया जाएगा।

मनसे पदाधिकारियों ने बताया कि गड्ढों की समस्या को लेकर कई बार मनपा आयुक्त को पत्र और निवेदन सौंपे गए थे, लेकिन कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई। इसी उपेक्षा से नाराज़ होकर मनसे ने आंदोलन का रास्ता चुना। आंदोलन की शुरुआत आरती उतारकर की गई और उसके बाद कार्यकर्ताओं ने सत्ताधारी पार्टी और प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी।

मनसे के सवालों का जवाब देने में पुलिस असमर्थ

इसी दौरान एमएमआरडीए के अधिकारी राजेंद्र देवरे मौके पर पहुंचे। लेकिन आंदोलनकारियों ने उनका घेराव कर लिया और उनसे जवाब-तलब किया। बताया जा रहा है कि अधिकारी मनसे द्वारा पूछे गए सवालों का संतोषजनक उत्तर नहीं दे सके। स्थिति बिगड़ती देख पुलिस को हस्तक्षेप करना पड़ा और राजेंद्र देवरे को सुरक्षा के बीच वहां से निकालना पड़ा।

हालात को काबू में करने के लिए मनपा की सहायक आयुक्त मौके पर पहुंचीं और गड्ढा दुरुस्ती कार्य को लेकर ठोस आश्वासन दिया। आश्वासन के बाद मनसे पदाधिकारियों ने फिलहाल आंदोलन वापस ले लिया।

मनसे ने साफ शब्दों में कहा कि यह केवल चेतावनी थी। यदि आने वाले दिनों में गड्ढों की मरम्मत और सड़कों की दुरुस्ती नहीं की गई तो प्रशासन को और भी तीखे विरोध का सामना करना पड़ेगा। नागरिकों का कहना है कि बरसात में गड्ढों के कारण दुर्घटनाओं का खतरा लगातार बढ़ रहा है और प्रशासन की लापरवाही लोगों की जान पर भारी पड़ सकती है।

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