Manoj Jarange Patil Maratha Reservation News: मराठा आंदोलनकारी मनोज जरांगे पाटिल ने मराठा आरक्षण की लंबित मांगों को लेकर फिर आक्रामक रुख अपनाया है। उन्होंने 30 मई से जालना जिले के आंतरवाली सराटी में अनिश्चितकालीन आमरण अनशन शुरू करने का ऐलान किया है।
इस बार वे चिलचिलाती धूप में अनशन पर बैठेंगे। उन्होंने चेतावनी दी है कि यदि सरकार ने मराठा आरक्षण पर फैसला नहीं लिया तो यह अब तक का सबसे बड़ा और सबसे निर्णायक आंदोलन होगा। अगर मैं हीटस्ट्रोक से मर जाऊं तो मर जाऊं, लेकिन पीछे नहीं हटूंगा। मेरे अच्छे-बुरे का सरकार जिम्मेदार होगी।
जरांगे पाटिल ने गुरुवार को आंतरवाली सराटी में कहा कि हैदराबाद गजट को ठीक से लागू करना और मराठा समुदाय को एक बार में कुनबी सर्टिफिकेट देना आवश्यक है। इस सरकार ने मराठा समुदाय से बार-बार वादे किए और समय बर्बाद किया।
29 अगस्त को मुंबई दौरे के बाद से कई डेडलाइन देने के बावजूद सरकार ने आरक्षण को लेकर कोई कार्यवाही नहीं की है। यदि इस आंदोलन के दौरान उनकी जान को कुछ होता है या हीटस्ट्रोक से उनकी मौत हो जाती है, तो इसके लिए राज्य सरकार जिम्मेदार होंगे, जब तक आरक्षण नहीं मिल जाता, वे चैन से नहीं बैठेंगे।
उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने कहा कि बीजेपी विधायक प्रसाद लाड ने हाल ही में जरांगे पाटिल से मुलाकात की थी। इस पर मुख्यमंत्री फडणवीस से बात की जाएगी, जब मैं मुख्यमंत्री था, तो मैंने अजीत और देवेंद्र की मदद से मराठा समुदाय के लिए कई फैसले लिए थे। पहले मराठा समुदाय को कुनबी सर्टिफिकेट मिलने में बहुत दिक्कतें आती थी, हमने लाखों कुनबी सर्टिफिकेट दिए, सेवानिवृत्त जज शिंदे की अध्यक्षता में एक कमेटी बनाई गई थी।