Maharashtra Child Marriage Free Campaign Update: महाराष्ट्र की महिला एवं बाल विकास मंत्री अदिति तटकरे ने बाल विवाह को लेकर बड़ी बात कही है। शनिवार को उन्होंने कहा है कि महाराष्ट्र को बाल विवाह मुक्त करना महाराष्ट्र सरकार का अंतिम लक्ष्य है।
अदिति तटकरे ने कहा कि महाराष्ट्र में चाइल्ड मैरिज को पूरी तरह खत्म करने के लिए एक विशेष आधुनिक प्रणाली स्थापित की है। साथ ही उन्होंने कहा है कि महाराष्ट्र को बाल विवाह मुक्त बनाने के अभियान में आम नागरिकों को भी सक्रिय रूप से शामिल किया गया है।
महिला एवं बाल विकास मंत्री अदिति तटकरे के द्वारा दिए गए आंकड़ों के अनुसार, पिछले साल प्रशासन ने लगभग 1,400 और चालू वर्ष में 1,450 बाल विवाहों को सफलतापूर्वक रोका है। साथ ही उन्होंने कहा है कि महिला एवं बाल विकास विभाग बाल विवाह के मूल कारणों से सीधे निपटने के लिए तैयारी कर रहा है।
अदिति तटकरे ने कहा है कि महाराष्ट्र में, विशेष रूप से मराठवाड़ा में बड़ी संख्या में प्रवासी श्रमिकों का आना होता है, जिसमें से ज्यादातर दिहाड़ी मजदूर होते हैं। दिनभर काम करने के कारण ये मजदूर 12 से 14 साल की बेटी को अकेले घर पर छोड़ने से घबराते है। ऐसे में ये चितिंत परिवार अक्सर अपनी कम उम्र की बेटियों का विवाद बचपन में ही करा देते हैं।
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जीरो टोलरेंस पॉलिसी पर जोर देते हुए महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा यह सुनिश्चित करने के लिए आक्रामक तौर पर कदम उठा रहा है कि बाल विवाह निषेध अधिनियम 2006 वास्तविक निवारक के रूप में काम कर रहा है।