Mumbai Police Registered FIR In IIT Bombay Student Suicide Case: भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (IIT) बॉम्बे में हुए छात्र साहिल वाकोडे के आत्महत्या मामले में मुंबई पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस प्रशासन ने घटना से जुड़े सभी संदिग्धों और संबंधित व्यक्तियों के खिलाफ प्राथमिकी (FIR) दर्ज कर ली है। इस कदम के बाद मामले की जांच ने नया मोड़ ले लिया है।
पुलिस सूत्रों के अनुसार, घटना की गंभीरता और परिजनों द्वारा उठाए गए सवालों को ध्यान में रखते हुए यह कानूनी कार्रवाई की गई है। दर्ज की गई FIR में उन सभी परिस्थितियों और व्यक्तियों को शामिल किया गया है, जिन पर घटना से प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप से जुड़े होने का संदेह है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि वे मामले के हर पहलू की गहराई से जांच कर रहे हैं ताकि यह स्पष्ट हो सके कि यह मामला केवल मानसिक तनाव का था या इसके पीछे कोई उकसावा, उत्पीड़न अथवा अन्य कारण थे।
बता दें कि भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (IIT) बॉम्बे के पवई स्थित कैंपस में ऊर्जा विज्ञान एवं इंजीनियरिंग विभाग में बीटेक द्वितीय वर्ष के छात्र साहिल वाकोडे ने कथित तौर पर फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। मुंबई की पवई पुलिस ने शुरुआत में एक्सीडेंटल डेथ रिपोर्ट (ADR) दर्ज कर जांच शुरू कर दी थी।
इससे पहले IIT बॉम्बे ने छात्र की मौत मामले में एक बयान जारी किया था। संस्थान की ओर से बताया गया कि एनर्जी साइंस और इंजीनियरिंग डिपार्टमेंट के दूसरे साल के एक छात्र ने आत्महत्या कर ली। परीक्षा के दौरान, छात्र को परीक्षा हॉल में मोबाइल फोन का इस्तेमाल करते हुए पकड़ा गया था। उसने जवाब पाने के लिए परीक्षा का प्रश्न पत्र ChatGPT पर अपलोड किया था।
IIT बॉम्बे के अनुसार छात्र के खिलाफ कोई अनुशासनात्मक कार्रवाई नहीं की गई। इंस्ट्रक्टर और डिपार्टमेंट के हेड ने छात्र से इस मामले पर बात भी की थी। उन्होंने उसे समझाया और भरोसा दिलाया कि इस घटना का उसके एकेडमिक करियर पर कोई बुरा असर नहीं पड़ेगा।
मुंबई पुलिस ने शनिवार को बताया कि मृतक छात्र साहिल वाकोडे महाराष्ट्र के यवतमाल जिले का रहने वाला था। मौत के बाद छात्र के परिवार के सदस्य सुबह मुंबई के पवई पुलिस थाने पहुंचे। उनके बयान दर्ज किए गए हैं।
इस घटना के बाद IIT बॉम्बे कैंपस में छात्रों ने शुक्रवार रात को विरोध प्रदर्शन किया था। उनका आरोप था कि प्रशासन ने छात्र की मौत से जुड़ी सभी जानकारी का खुलासा नहीं किया था। प्रदर्शनकारी छात्रों ने दावा किया कि परीक्षा की ChatGPT का इस्तेमाल करने वाली घटना को लेकर साहिल वाकोडे को एक साल के निलंबन की धमकी दी गई थी। उन्होंने आरोप लगाया कि ऐसे निलंबन के तहत उन्हें छात्रावास छोड़कर परिसर के बाहर रहना पड़ सकता था।