राष्ट्रवादी कांग्रेस अजित पवार के गुट में कई दिनों से उथल-पुथल जारी है।
मंत्रालयों के आवंटन को लेकर पार्टी के भीतर असंतोष बना हुआ है।
देवेंद्र फडणवीस से मीटिंग के बाद छगन भुजबल ने बड़ा बयान दिया है।
NCP Meeting With Devendra Fadnavis: महाराष्ट्र सरकार में विभागों के आवंटन को लेकर राजनीतिक सरगर्मी तेज हो गई है। उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार के नेतृत्व में राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (NCP) के वरिष्ठ नेताओं के एक प्रतिनिधिमंडल ने मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस से उनके आधिकारिक आवास वर्षा पर महत्वपूर्ण मुलाकात की। इस प्रतिनिधिमंडल में मंत्री छगन भुजबल, मंत्री हसन मुश्रीफ, विधायक धनंजय मुंडे और जय पवार शामिल थे।
बैठक के बाद वरिष्ठ मंत्री छगन भुजबल ने स्पष्ट किया कि एनसीपी को वित्त मंत्रालय का पोर्टफोलियो जल्द से जल्द आवंटित किया जाना चाहिए। भुजबल ने कहा कि काफी समय बीत चुका है और अब इस निर्णय में और अधिक विलंब करना सही नहीं है। उन्होंने बताया कि इस विषय पर पार्टी के विधायकों के बीच भी लगातार चर्चा चल रही है।
छगन भुजबल के अनुसार, मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने इस मांग पर सकारात्मक रुख दिखाया है और स्पष्ट किया है कि वित्त मंत्रालय एनसीपी को सौंपने में कोई विवाद नहीं है।
मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने बताया कि राज्य इस समय गंभीर सूखे का सामना कर रहा है। किसानों के लिए कर्जमुक्ती, अग्रिम राहत और अन्य कल्याणकारी उपायों के लिए बड़े पैमाने पर वित्तीय फंड की व्यवस्था की जा रही है। भुजबल के मुताबिक, आवश्यक प्रक्रियाएं पूरी होते ही और आगामी विंटर सेशन से पहले वित्त मंत्रालय का प्रभार एनसीपी को दे दिया जाएगा।
इसी बीच मीडिया और सोशल मीडिया पर दोनों एनसीपी गुटों की बैठक और उनके संभावित विलय को लेकर चर्चाएं चल रही थीं। मंत्री छगन भुजबल ने इन खबरों को पूरी तरह खारिज करते हुए स्पष्ट किया कि दोनों गुटों के विलय या मंत्रियों के फेरबदल का कोई भी विषय न तो उनके एजेंडे में था और न ही इस पर कोई बातचीत हुई है।
अजित पवार गुट में कई दिनों से उथल-पुथल जारी है। मंत्री छगन भुजबल के बयानों से साफ है कि पार्टी के भीतर मंत्रालयों के आवंटन और राजनीतिक नेतृत्व को लेकर असंतोष बना हुआ है। हालांकि, नेताओं ने विलय की खबरों को खारिज किया है, फिर भी महायुति गठबंधन के भीतर खींचतान लगातार बनी हुई है।