Atul Save Blacklist Exam Centers: महात्मा ज्योतिबा फुले अनुसंधान एवं प्रशिक्षण संस्था (महाज्योति) की प्रशिक्षणपूर्व चयन परीक्षा के दौरान कुछ परीक्षा केंद्रों पर हुई तकनीकी गड़बड़ी को लेकर विवाद खड़ा हो गया है।
इस मामले में राज्य के अन्य पिछड़ा वर्ग कल्याण मंत्री अतुल सावे ने स्पष्टीकरण देते हुए कहा कि परीक्षा केंद्रों पर तकनीकी खामी पाए जाने पर संबंधित केंद्रों को काली सूची में डाल दिया जाएगा। राज्य के 32 शहरों में 64 परीक्षा केंद्रों पर यह परीक्षा आयोजित की जा रही है। इसके लिए करीब 90 हजार 600 विद्यार्थियों ने आवेदन किया है।
पुणे के एक परीक्षा केंद्र पर संगणक प्रणाली में तकनीकी समस्या आने से विद्यार्थियों को परीक्षा देने में परेशानी हुई। वहीं, नांदेड के एक केंद्र पर बिजली आपूर्ति बाधित होने से परीक्षा प्रक्रिया प्रभावित हुई। इसके बाद दोनों केंद्रों पर आयोजित परीक्षा रद्द करनी पड़ी।
मंत्री अतुल सावे ने स्पष्ट किया कि तकनीकी गड़बड़ी के कारण जिन विद्यार्थियों की परीक्षा प्रभावित हुई है, उनके लिए दोबारा परीक्षा आयोजित की जाएगी। राज्य सरकार की ओर से प्रभावित विद्यार्थियों को दोबारा परीक्षा देने का अवसर दिया जाएगा, ताकि तकनीकी समस्या के कारण उनका शैक्षणिक भविष्य प्रभावित न हो।
खास बात यह है कि पुनः आयोजित होने वाली परीक्षा के लिए विद्यार्थियों से किसी भी प्रकार का अतिरिक्त शुल्क नहीं लिया जाएगा। सावे ने कहा कि विद्यार्थियों की सुविधा को प्राथमिकता देते हुए दोबारा परीक्षा के लिए उचित परीक्षा केंद्र उपलब्ध कराया जाएगा।
संबंधित विद्यार्थियों को परीक्षा केंद्र और अन्य आवश्यक जानकारी समय पर उपलब्ध कराने की व्यवस्था की जाएगी, ताकि उन्हें दोबारा परीक्षा के दौरान किसी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े। अतुल सावे ने कहा कि परीक्षा के दौरान हुई तकनीकी गड़बड़ी गंभीर विषय है। संबंधित केंद्रों पर हुई समस्या की जांच की जाएगी।
जांच में यदि केंद्र की लापरवाही या तकनीकी व्यवस्था में खामी सामने आती है, तो संबंधित परीक्षा केंद्र को काली सूची में डालने के साथ ही आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों के भविष्य से किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा। प्रभावित विद्यार्थियों को न्याय दिलाने के लिए आवश्यक कदम उठाए जाएंगे।