Chhatrapati Sambhajinagar Water Supply: छत्रपति संभाजीनगर नक्षत्रवाड़ी से हर्सूल के बीच 1500 मिमी व्यास की जलवाहिनी पूरी क्षमता से शुरू होने के बाद सिडको-हडको क्षेत्र की जलापूर्ति व्यवस्था में बड़ा सुधार हुआ है। अब सातवें दिन पानी मिलने वाली बस्तियों को छठे दिन पानी उपलब्ध कराया जाएगा। अगले 15 दिनों में जलापूर्ति का अंतर घटाकर पांचवें दिन तक लाने की योजना महानगरपालिका ने बनाई है।
नक्षत्रवाड़ी से आने वाला पानी बिना किसी पंपिंग के सीधे जलकुंभों में पहुंच रहा है। इससे सिडको एन-5 और एन-7 स्थित चारों जलकुंभ कम समय में भर रहे हैं। 1500 मिमी जलवाहिनी पर कुल 10 जलकुंभ हैं। इनमें से छह जलकुंभों में पानी लेना शुरू हो गया है। टीवी सेंटर और हरसिद्धी स्थित जलकुंभों में भी पानी भरने की प्रक्रिया शुरू हो गई है।
पानी की उपलब्धता बढ़ने के बाद महानगरपालिका के जलापूर्ति विभाग ने आयुक्त अमोल येडेगे और महापौर समीर राजूरकर से चर्चा की। इसके बाद शनिवार, 29 अगस्त से सिडको-हडको क्षेत्र में जलापूर्ति का अंतर एक दिन कम करने का निर्णय लिया गया। अगले सप्ताह शिवाजीनगर और पुंडलिकनगर स्थित जलकुंभों से जुड़े क्षेत्रों में भी जलापूर्ति का अंतर कम किया जाएगा। इससे सिडको-हडको के साथ चिकलठाना क्षेत्र की बस्तियों को भी राहत मिलने की उम्मीद है। जलापूर्ति की उपलब्धता के आधार पर आने वाले दिनों में यह अंतर एक से दो दिन और कम करने का प्रयास किया जाएगा। महानगरपालिका का लक्ष्य सिडको-हडको क्षेत्र में कम से कम तीसरे दिन पानी उपलब्ध कराना है।
सिडको-हडको के नागरिक पिछले 20 वर्षों से पानी की समस्या से जूझ रहे हैं। नई जलापूर्ति योजना और 1500 मिमी जलवाहिनी के पूरी क्षमता से शुरू होने के बाद अब इस समस्या के स्थायी समाधान की उम्मीद बढ़ी है। महापौर समीर राजूरकर ने कहा कि आने वाले दिनों में नागरिकों को तीसरे दिन पानी उपलब्ध कराने के लिए प्रयास किए जा रहे हैं। सिडको-हडको को एक्सप्रेस लाइन से मिलने वाले पानी का उपयोग भविष्य में पुराने शहर की जलापूर्ति व्यवस्था को मजबूत करने के लिए भी किया जाएगा।