Chhatrapati Sambhajinagar Illegal Plotting NMC Action: छत्रपति संभाजीनगर के चिकलथाना दक्षिण क्षेत्र में मनपा ने करीब 15 एकड़ जमीन पर काटे गए 858 अनधिकृत भूखंडों के खिलाफ कार्रवाई की। मनपा ने नागरिकों से भूखंड खरीदने से पहले जमीन और मंजूरियों से जुड़े दस्तावेजों की जांच करने की अपील की है।
छत्रपति संभाजीनगर शहर के विस्तार के साथ खेती की जमीन को बिना अनुमति छोटे-छोटे भूखंडों में बांटकर बेचने के मामले भी सामने आ रहे हैं। इसी के मद्देनजर महानगरपालिका ने अनधिकृत भूखंड योजनाओं के खिलाफ कार्रवाई तेज कर दी है। चिकलथाना दक्षिण क्षेत्र में मनपा के अतिक्रमण विभाग ने एक ही दिन में करीब 15 एकड़ क्षेत्र में काटे गए 858 अनधिकृत भूखंडों के खिलाफ कार्रवाई की।
यह कार्रवाई अतिक्रमण विभाग के सनियंत्रण अधिकारी संतोष वाहुले के नेतृत्व में की गई। मनपा के अनुसार, संबंधित जमीनों पर नियमों और आवश्यक अनुमतियों की अनदेखी कर भूखंड योजना तैयार की गई थी।
चिकलथाना दक्षिण के गट क्रमांक 638 में मदनलाल गोवर्धन चांडक (दिवंगत) के नाम दर्ज 10 एकड़ 20 गुंठे क्षेत्र में भूखंड काटे गए थे। यहां 20 बाय 30 फुट आकार के 590 भूखंड बनाए गए थे।
मनपा के अतिक्रमण विभाग की टीम ने मौके पर पहुंचकर इस अनधिकृत भूखंड योजना के खिलाफ कार्रवाई की। अधिकारियों की निगरानी में भूखंड योजना से संबंधित अनधिकृत विकास के खिलाफ मनपा की कार्रवाई की गई।
इसके बाद गट क्रमांक 639 में भी कार्रवाई की गई। मनपा के अनुसार, मूल स्वामी रमेश दादाराव जराड के नाम दर्ज 4 एकड़ 20 गुंठे जमीन पर 20 बाय 30 फुट आकार के 268 भूखंड काटे गए थे।
इन भूखंडों की बिक्री सामान्य मुख्तारनामा धारक ब्रिजभूषण लोया (दिवंगत) के माध्यम से किए जाने का उल्लेख मनपा की कार्रवाई में किया गया है। यहां भी अनधिकृत भूखंड योजना के खिलाफ कार्रवाई की गई।
सनियंत्रण अधिकारी संतोष वाहुले ने कहा कि छत्रपति संभाजीनगर शहर और आसपास बिना अनुमति खेती की जमीन के टुकड़े कर भूखंड बनाने वालों के खिलाफ कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी। उन्होंने नागरिकों से ऐसे अनधिकृत भूखंडों की खरीद से बचने की अपील की।
मनपा ने स्पष्ट किया कि भूखंड खरीदने से पहले जमीन की वैधता, भूखंड योजना की मंजूरी और संबंधित दस्तावेजों की पूरी तरह जांच करना जरूरी है। अनधिकृत भूखंड खरीदने पर भविष्य में कानूनी और आर्थिक परेशानी का सामना करना पड़ सकता है।
महापौर समीर राजूरकर ने भी नागरिकों से ऐसे भूखंड नहीं खरीदने का आग्रह किया। उन्होंने उपलब्ध गुंठेवारी सुविधा के तहत पात्र निर्माण के नियमितीकरण का लाभ लेने की अपील की। मनपा ने संकेत दिया है कि अनधिकृत भूखंड योजनाओं के खिलाफ कार्रवाई आगामी दिनों में भी जारी रहेगी।