चंद्रपुर

रेलवे अतिक्रमण, माजरी के बाद बल्लारपुर में चला बुलडोजर

नवभारत डेस्क

बल्लारपुर. गत माह से चंद्रपुर जिले में चर्चा में बने रेलवे अतिक्रमण मामले में माजरी के बाद अब बल्लारपुर में भी बुलडोजर चला है. गुरुवार को रेलवे विभाग ने दक्षिणी छोर से रेलवे की जमीन पर अतिक्रमण कर रहे लोगों के आशियानों को ध्वस्त करना आरंभ किया. ज्ञात हो कि 7 मई को बीटीएस प्लाट निवासी 11 अतिक्रमणधारियों को रेलवे ने नोटिस देकर 13 मई तक अतिक्रमण हटाने का आदेश दिया था.

अतिक्रमणधारियों द्वारा रेलवे नोटिस की अनदेखी के पश्चात रेलवे ने आज सुबह 10 बजे जो धमके. वहां के निवासियों को सामान हटाने को कहा और इसके बाद बुलडोजर की सहायता से पक्के मकानों को ध्वस्त कर दिया.

उल्लेखनीय है कि अप डाउन रेलवे लाइन के आलवा तीसरी पटरी बिछाने का कार्य जोर शोर से शुरु है. बीटीएस प्लाट के बाद साईबाबा वार्ड, गणपति वार्ड और शंतिनगर स्थित रेलवे जमीन पर बसी झोपडपट्टी को भी अतिक्रमण हटाने की बात रेलवे अधिकारियों ने कही है. तीसरी पटरी जद में झोपडप‍टियों के अलावा रेलवे का स्वयं का अस्पताल व अन्य कार्यलीयन इमारतें आ रही है. रेलवे की इन इमारतों को शांतिनगर स्थित रेलवे की जमीन पर बनाने की येाजना है.

बढी चंद्रपुरवासियों की धड़कने

माजरी और बल्लारपुर में रेलवे विभाग की जमीन पर किए अतिक्रमण को ढहा कर वर्षो से रहने वालों को बेघर कर दिया. इस कडी में अब चंद्रपुर के रेलवे की जमीन पर अतिक्रमण कर रहने वालों की बारी है. इसकी वजह से चंद्रपुर रेलवे पटरी किनारे अतिक्रमण कर रहने वालों की धडकने की बढ़ गई है. क्योंकि माजरी, बल्लारपुर के बाद अब चंद्रपुर की बारी है?

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