Chandrapur Ashram School Students Food Poisoning: चंद्रपुर जिला के राजुरा आश्रमशालाओं में पढ़ने वाले विद्यार्थियों के स्वास्थ्य और सुरक्षा का मुद्दा एक बार फिर गंभीरता से सामने आया है। जिवती तहसील के नगराला स्थित अमृत नाईक माध्यमिक आश्रमशाला में मंगलवार, 1 सितंबर की सुबह भोजन करने के बाद करीब 30 विद्यार्थियों की अचानक तबीयत बिगड़ गई।
विद्यार्थियों को उल्टियां होने लगीं। इसके बाद स्कूल के शिक्षकों ने उन्हें तत्काल जिवती के सरकारी अस्पताल में भर्ती कराया। प्राथमिक उपचार के बाद डॉक्टरों ने विद्यार्थियों को आगे के उपचार के लिए राजुरा उपजिला अस्पताल रेफर कर दिया।
इस घटना से क्षेत्र में हड़कम्प मच गया। मंगलवार सुबह करीब 9.30 बजे विद्यार्थियों ने भोजन किया था। सुबह परोसे गए भोजन में छिपकली गिर गई थी। इसके चलते भोजन से विषाक्तता होने की आशंका जताई जा रही है।
हालांकि, विद्यार्थियों की तबीयत वास्तव में भोजन के कारण ही बिगड़ी है या नहीं, इसकी अभी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। चिकित्सकीय जांच, भोजन के नमूनों की - रिपोर्ट और प्रशासनिक जांच के बाद ही घटना का वास्तविक कारण स्पष्ट होगा।
उपचार के लिए राजुरा में भर्ती विद्यार्थियों में प्रदीप राजुदास पवार (13), कृष्णा बालाजी यादव (7), देवनाथ परमेश्वर राठौड़ (13), बालाजी विठ्ठल कसबे (11), लक्की मिलिंद वाकले (14), शिवम संदीप जाधव (8), विशाल शेषराव (12), अर्जुन अशोक चव्हाण (13) और राजकुमार मनोज मस्के (12) सहित अन्य बच्चें शामिल हैं। विद्यार्थियों की तबीयत बिगड़ने के संबंध में उपजिला अस्पताल की ओर से संबंधित पुलिस थाने को मेडिकल मेमो भेजे जाने की जानकारी है।
चंद्रपुर जिला के राजुरा आश्रमशालाओं में घटना के बाद कुछ अभिभावकों ने आश्रमशाला की मूलभूत सुविधाओं और भोजन व्यवस्था को लेकर गंभीर शिकायतें की हैं। अभिभावकों के अनुसार, विद्यार्थियों के लिए सुबह-शाम भोजन और नाश्ता तैयार करने के लिए केवल दो रसोइए कार्यरत हैं। कुछ अभिभावकों ने खाद्यान्न में समय-समय पर कीड़े मिलने का आरोप भी लगाया है।
चंद्रपुर जिला के राजुरा आश्रमशालाओं में पढ़ने वाले विद्यार्थियों के स्वास्थ्य विशेष रूप से अगस्त माह में गड़चिरोली जिले के धानोरा तहसील के जपतलाई स्थित एक निजी अनुदानित आवासीय आश्रमशाला में जहरीले करैत सांप के काटने से छह छात्राओं के प्रभावित होने और तीन छात्राओं की मौत की घटना सामने आई थी। उस समय छात्रावास में पर्याप्त बिस्तर नहीं होने के कारण छात्राओं के जमीन पर सोने तथा खिड़कियों में जाली नहीं होने से सांप के छात्रावास में प्रवेश करने की बात सामने आई थी।
नए रसोइयों के लिए भेजा प्रस्ताव कुछ रसोइए सेवानिवृत्त हो चुके हैं। नए स्सोइयों की भर्ती के संबंध में प्रस्ताव शासन को भेजा गया है। फिलहाल उपलब्ध कर्मचारियों के आधार पर भोजन व्यवस्था संचालित की जा रही है।श्रीनिवास जाधव, संस्थाध्यक्ष, अमृत नाईक माध्यमिक आश्रमशाला