खून-पसीने की कमाई की प्रतीक्षा कर रहे किसानों का बकाया भुगतान सोर्स- सोशल मीडिया
भंडारा

भंडारा में किसानों ने बेचा था रिकॉर्ड धान, बकाया भुगतान शुरू होने से जिले के किसान परिवारों में राहत

Bhandara District Rabi Crop: रबी धान उत्पादक किसानों के लिए राहत भरी खबर है। राज्य सरकार ने बकाया भुगतान की राशि मंजूर कर दी है, जिसके बाद दो दिनों में 172 करोड़ रुपये खातों में जमा हो चुके हैं।

प्रमोद यादव

Rabi Crop Paddy Payment Cleared: भंडारा जिले के रबी धान उत्पादक किसानों के लिए बड़ी राहत की खबर सामने आई है। लंबे समय से अपने खून-पसीने की कमाई की प्रतीक्षा कर रहे हजारों किसानों का बकाया भुगतान अब पूरी तरह चुकता किया जा रहा है। रबी सीजन के धान खरीदी का आधिकारिक कार्यकाल समाप्त होने के लगभग डेढ़ महीने बाद आखिरकार राज्य शासन ने शत-प्रतिशत धनराशि जारी कर दी है।

इससे जिले के 34 हजार से अधिक किसानों के बैंक खातों में बकाये का वितरण तेज गति से प्रारंभहो गया है। वर्तमान में जारी खरीफ सीजन के दौरान खेती-बाड़ी के कामों के लिए आर्थिक तंगी से जूझ रहे किसान परिवारों को इस कदम से बड़ा संबल मिला है।

अटका हुआ था करोड़ों का भुगतान

भंडारा जिले में वर्ष 2025-26 के रबी सीजन के तहत 30 जून तक न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) पर धान की खरीदी की गई थी। हालांकि, सरकारी खरीदी की समयावधि समाप्त होने के बाद भी आवश्यक बजट के अभाव में जिले के कुल 34,393 किसानों का करोड़ों रुपये का भुगतान अधर में लटक गया था। इसके चलते किसानों को खाद, बीज और मजदूरी के भुगतान के लिए बैंकों व सरकारी दफ्तरों के चक्कर काटने को मजबूर होना पड़ रहा था।

दो चरणों में जारी हुआ बचा फंड

पिछले दिनों राज्य सरकार की ओर से 287 करोड़ 51 लाख 15 हजार 789 रुपये का फंड जारी किया गया था, जिससे 29,844 किसानों को भुगतान किया जाना तय हुआ था। हालांकि, कुछ तकनीकी और प्रशासनिक कारणों से जिला मार्केटिंग फेडरेशन इसका वितरण समय पर शुरू नहीं कर पाया था।

इसी बीच अब शासन ने शेष बची 42 करोड़ 20 लाख 95 हजार 889 रुपये की अतिरिक्त राशि भी बाकी बचे 4,547 किसानों के लिए स्वीकृत कर दी है। इसके साथ ही पूरे 34,393 बकाएदार किसानों को रकम मिलने का मार्ग पूरी तरह निष्कंटक हो गया है।

इस बार धान खरीदी में बने नए कीर्तिमान

गौरतलब है कि इस बार रबी सीजन में धान खरीदी के सारे पुराने रिकॉर्ड ध्वस्त हो गए है। जिले के 268 सरकारी केंद्रों पर कुल 80,958 किसानों ने 33 लाख 80 हजार 707 क्विंटल धान बेचा है। इसकी तुलना में पिछले वित्तीय वर्ष 2024-25 में 52,410 किसानों ने 22 लाख 40 हजार 643 विवंटल धान की बिक्री की थी।

इस वर्ष किसानों की संख्या और धान की आवक में आई भारी उछाल के कारण ही बकाये का कुल आंकड़ा इतना बड़ा हो गया था। अब पूरा फंड उपलब्ध होने से किसान समुदाय में संतोष और खुशी का माहौल है।

दो दिनों में 172 करोड़ रुपये खातों में जमा

भंडारा जिले के मार्केटिंग अधिकारी एस. बी. चंदे ने बताया कि शासन से संपूर्ण बजट प्राप्त हो चुका है। कुल प्राप्त राशि में से पिछले दो दिनों के भीतर ही 172 करोड़ रुपये किसानों के बैंक खातों में सीधे ट्रांसफर किए जा चुके हैं। शेष बची रकम को भी तकनीकी औपचारिकताएं पूरी करते हुए खातों में जमा कराया जा रहा है।

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