औरंगाबाद

औरंगाबाद में वृद्धा की संपत्ति हड़पने का प्रयास, कमिश्नर डॉ. निखिल गुप्ता की कार्रवाई से महिला को मिला न्याय

शफीउल्ला हुसैनी

औरंगाबाद : किसी भी परेशान व्यक्ति को न्याय दिलाना पुलिस का प्रथम कर्तव्य होता है। यह कर्तव्य निभाने में शहर के सीपी डॉ. निखिल गुप्ता (Dr. Nikhil Gupta) माहिर है। शहर के सिडको एन-3 परिसर की निवासी एक वृध्द महिला की संपत्ति (Property ) राजेन्द्र सिंह नामक व्यक्ति द्वारा हड़पने का प्रयास जारी था। वृध्द महिला ने परेशान होकर शहर के सीपी डॉ. गुप्ता से मुलाकात कर अपनी आपबीती सुनाई। सीपी ने इस मामले की जिम्मेदारी क्राइम ब्रांच (Crime Branch) को सौंपी। क्राइम ब्रांच के पीआई अविनाश आघाव और उनकी टीम ने संपत्ति हड़पने वाले से सख्ती से निपटते ही वह घबराया और उसने तत्काल वृध्द महिला (Old Women) का घर खाली कर दिया।

पुलिस सूत्रों ने बताया कि कुछ दिनों पूर्व सिडको एन-3 निवासी कला चव्हाण नामक महिला पिछले कुछ सालों से औरंगाबाद में अकेली रह रही थी। एक दुर्घटना में उक्त महिला  विकलांग हुई थी। जिससे वह घर में अकेली थी। इसी का फायदा उठाकर वृध्द महिला के थ्री बीएचके फ्लैट में किराए  से रह रहा राजेन्द्र सिंह नामक व्यक्ति वह फ्लैट हड़पने के फिराक में था। उसने फ्लैट किराय पर लेने के लिए बनाए गए करार नामे पर कुछ गलत प्रविष्टियां लिख ली थी। उसके सहारे वह वृध्द महिला की  संपत्ति हड़प कर अन्य को बेचने के फिराक में था। बल्कि, लोगों को उक्त संपत्ति खरीदने का दावा भी शुरु किया था।

इधर, राजेन्द्र सिंह द्वारा संपत्ति हड़पने के प्रयासों से वृध्द महिला परेशान थी। उसने बीते दिनों शहर के सीपी डॉ. निखिल गुप्ता से मुलाकात कर आपबीती सुनाई। इस मामले को सीपी डॉ.गुप्ता ने गंभीरता से लेकर इस मामले की जिम्मेदारी क्राइम ब्रांच के पीआई अविनाश आघाव को सौंपी। पीआई आघाव ने तत्काल राजेन्द्र सिंह से संपर्क कर उसे पुलिसिया लहजे में खरी खोटी सुनाई। जिससे राजेन्द्र सिंह घबराया और उसने तत्काल उक्त संपत्ति खाली कर दी। पीआई आघाव, पीएसआई कल्याण शेलके ने इस मामले में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।  राजेन्द्र सिंह ने फ्लैट खाली करने के बाद उक्त वृध्द महिला ने सीपी डॉ. निखिल गुप्ता से मुलाकात कर उनका आभार माना।

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