Amravati Farmer Loan Waiver: फसल बीमा योजना से नांदगांव खंडेश्वर तहसील को बाहर रखे जाने और कर्जमाफी योजना में लगाई गई शर्तों के विरोध में शिवसेना उद्धव ठाकरे के नेतृत्व में सैकड़ों किसानों ने तहसील एवं कृषि कार्यालय पर मोर्चा निकाला। नगर पंचायत गटनेता प्रकाश मारोटकर और बालासाहेब राणे के नेतृत्व में किसानों ने तहसीलदार और तहसील कृषि अधिकारी का लगभग एक घंटे तक घेराव कर सभी किसानों को फसल बीमा तथा बिना शर्त कर्जमाफी देने की मांग की।
किसानों ने आरोप लगाया कि नांदगांव तहसील पात्र होने के बावजूद फसल बीमा योजना से वंचित रखी गई है। कृषि अधिकारी विकास पाटील ने बताया कि उपग्रह सर्वेक्षण के आधार पर उत्पादन अधिक दर्शाए जाने के कारण तहसील को योजना में शामिल नहीं किया गया। किसानों ने इस निर्णय पर तीव्र नाराजगी जताते हुए राज्य सरकार के खिलाफ नारेबाजी की।
प्रदर्शनकारियों ने मांग की कि वर्ष 2014 से 2026 तक के 4 लाख रुपये तक के कृषि ऋण बिना किसी शर्त के माफ किए जाएं तथा नियमित रूप से ऋण चुकाने वाले किसानों को 1 लाख रुपये का प्रोत्साहन दिया जाए। मांगों को लेकर प्रशासन को ज्ञापन सौंपा गया।आंदोलन में विष्णु तिरमारे, विलास पाटिल सावदे, प्रमोद ठाकरे, डॉ. अरुण बेलसरे, मधुकर कोठाडे, दिलीप देवतळे, निलेश इखार, प्रेम हिवराले सहित बड़ी संख्या में किसान उपस्थित थे।
ये भी पढ़े: पुणे मनपा में शामिल 23 गांवों के विकास को मिली रफ्तार, ड्राफ्ट प्लान मंजूर; अनिरुद्ध पावसकर बने रचना अधिकारी
इस समय नगर पंचायत गटनेता प्रकाश मारोटकर ने चेतावनी दी कि यदि राज्य सरकार ने कर्जमाफी योजना की शर्तें समाप्त कर नांदगांव तहसील को फसल बीमा योजना में शामिल नहीं किया, तो सात दिनों बाद तहसील कार्यालय पर तीव्र आंदोलन छेड़ा जाएगा।