Pritam Lodhi Statement: भोपाल से इस वक्त की बड़ी खबर है जहां भाजपा के पिछोर विधायक प्रीतम लोधी अपने विवादित बयान पर कायम नजर आ रहे हैं। एसडीओपी को लेकर दिए गए बयान के बाद मचे सियासी घमासान के बीच उन्होंने मीडिया से बात करते हुए अपना पक्ष रखा है।
बता दें की, बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल ने कुछ दिनों पहले इंदौर में मीडिया से बातचीत के दौरान साफ कहा था कि प्रतीम लोधी का मामला पार्टी के संज्ञान में है और अनुशासनहीनता बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
भोपाल पहुंचे पिछोर विधायक प्रीतम लोधी ने साफ तौर पर कहा है कि वह अपने बयान पर अब भी कायम हैं। हालांकि, पार्टी की ओर से मिले नोटिस पर उन्होंने संयमित प्रतिक्रिया दी। प्रीतम लोधी का कहना है कि भारतीय जनता पार्टी ने जो भी नोटिस दिया है, वह उसका सम्मान करते हैं और पार्टी जो भी फैसला लेगी, उसे स्वीकार करेंगे। लोधी ने यह भी कहा कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच बेहद जरूरी है और बिना पूरी सच्चाई सामने आए किसी भी तरह का फैसला नहीं लिया जाना चाहिए।
प्रीतम लोधी ने बात करते हुए यह साफ कहा कि इस मामले में मैं भारतीय जनता पार्टी से आग्रह करुंगा कि एक बार मामले की कमेटी बनाकर जांच करवाएं, जिससे यह साफ हो जाए की हकीकत क्या है। उन्होंने आगे कहा कि फिर मुझे जो सजा देगी पार्टी मैं उसे तहे दिल से मंजूर करुंगा।
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दरअसल पूरा विवाद 16 अप्रैल की घटना से जुड़ा है। उस दिन विधायक के बेटे की थार गाड़ी से एक दुर्घटना हुई थी, जिसके बाद हुई पुलिस कार्रवाई से नाराज विधायक ने करैरा के एसडीओपी आयुष जाखड़ के खिलाफ आपत्तिजनक भाषा का इस्तेमाल किया। आरोप है कि उन्होंने उनके घर में गोबर भर देने तक की धमकी दी। जिसके बाद मामले ने तूल पकड़ा और प्रीतम लोधी के खिलाफ कार्रवाई की मांग तेज हो गई।