Bridge Issue Heats Up In Gopal Bhargava Constituency: मध्यप्रदेश के सबसे सीनियर विधायक गोपाल भार्गव के विधानसभा क्षेत्र रहली के बेरखेरी में बना एक पुल चर्चाओं में बना हुआ है। कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी ने सोशल मीडिया पर स्कूल की बच्चियों के जान जोखिम में डालकर कोपरा नदी के पानी में से निकलकर स्कूल जाते हुए वीडियो पोस्ट किया था। जो जबरदस्त तरीके से वायरल हुआ। मामले में पूर्व मंत्री और विधायक गोपाल भार्गव ने पोस्ट जारी कर पलटवार कर इसे प्रायोजित नौटंकी बताया था।
वहीं अब पूर्व विधानसभा प्रत्याशी कमलेश साहू, ज्योति पटेल और अन्य लोग मौके पर पहुंचे। बकायदा वीडियो जारी कर इसकी हकीकत बताई। साथ ही पुल पर सीमेंट के पाइप डाले जाने की बात कही और बताया की यहां जो मुरम डाली गयी थी वह पानी के बहाव में बह गयी है।
बताया गया की यह वीडियो किसी ग्रामीण द्वारा बनाया गया था। जिसके बाद इसे कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर शेयर किया। साथ ही स्कूली बच्चों को हो रही परेशानी को लेकर अवगत कराया। वहीं इस पर पूर्व मंत्री और विधायक गोपाल भार्गव ने भी पलटवार करते हुए पोस्ट डाली और इसे क्षेत्र को बदनाम करने के अलावा प्रायोजित नौटंकी बताया। उन्होंने लिखा की बाजू से ही नए पुल का निर्माण हो रहा है लेकिन आपत्ति के चलते काम रुका हुआ है। उन्होंने लिखा था की पुष्टि करने के बाद ही सवाल उठायें।
बेरखेड़ी गांव में स्थित पुल का ये मामला लगातार सुर्ख़ियों में बना हुआ है। पूर्व विधानसभा प्रत्याशी कमलेश साहू, ज्योति पटेल समेत अन्य कांग्रेस नेता मौके पर पहुंचे थे। जिन्होंने विधायक गोपाल भार्गव पर निशाना साधा है। कहा गया की प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी के वीडियो शेयर करने के बाद गोपाल भार्गव तिलमिला गए और पोस्ट जारी कर जीतू पटवारी को ही सलाह दे डाली। जिसके बाद कांग्रेस नेता बेरखेरी गांव पहुंचे थे। पोस्ट के माध्यम से कहा गया की वायरल वीडियो कोई बनावटी नहीं है बल्कि पूरी तरह सही है। टूटे हुए पुल से छात्र-छात्राएं इसी तरह से निकलते हैं। 2 साल से परेशान हैं। उन्होंने कहा की विधायक गोपाल भार्गव सच्चाई को स्वीकार करते हुए पुल के निर्माण पर ध्यान दें।
मौके पर पहुंची कांग्रेस नेत्री ज्योति पटेल ने वीडियो जारी कर बताया की करीब चार दिन पहले ही पुल पर टूटी हुई पुलियां डाली गयी हैं। यहां मुरम डाली गयी थी जो पानी के बहाव में बह गयी है। वहीं बाजु वाले पुल पर आपत्ति वाली बात को भी बताया की ऐसा है ही नहीं। फिलहाल ये मामला लगातार तूल पकड़े हुए है और कांग्रेस लगातार इसको लेकर हमलावर है। देखना दिलचस्प होगा की अब इस पर विधायक गोपाल भार्गव की क्या प्रतिक्रया होगी।