Indore Shahar Qazi Ishrat Ali Statement: इंदौर में ईद उल अजहा की नमाज के बाद शहर काजी डॉक्टर इशरत अली के बयान को लेकर सियासत गर्मा गई है। शहर काजी ने स्मार्टफोन, यूनिफॉर्म सिविल कोड, नशे और सोशल मीडिया को लेकर बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि स्मार्टफोन परिवारों में दूरियां और नफरत बढ़ा रहा है, इसलिए लोगों को स्मार्टफोन की जगह कीपैड मोबाइल का इस्तेमाल करना चाहिए। वहीं यूनिफॉर्म सिविल कोड यानी यूसीसी को लेकर भी उन्होंने कहा कि इसे कोई कबूल नहीं कर सकता।
बता दें कि ईद की नमाज के बाद मीडिया से चर्चा करते हुए शहर काजी डॉक्टर इशरत अली ने कहा कि सोशल मीडिया पर फेक खबरें फैलाकर देश का माहौल खराब करने और नफरत फैलाने की साजिश चल रही है। साथ ही उन्होंने लोगों से सोशल मीडिया का कम इस्तेमाल करने की अपील की।
बता दें कि शहर काजी ने पर्यावरण को लेकर भी चिंता जताई है। उन्होंने साफ कहा कि विकास के नाम पर लगातार पेड़-पौधे काटे जा रहे हैं, जिस पर रोक लगनी चाहिए। इसके अलावा उन्होंने गाय को राष्ट्रीय धरोहर घोषित करने की मांग भी की।
नशे के बढ़ते कारोबार पर चिंता जाहिर करते हुए शहर काजी ने कहा कि समाज को नशे के खिलाफ जागरूक होना पड़ेगा, नहीं तो आने वाली पीढ़ियां बर्बाद हो जाएंगी। उन्होंने कहा कि अब लड़कों के साथ-साथ लड़कियां भी नशे की गिरफ्त में आ रही हैं और कई जगह लड़कियां नशा बेचने का काम भी कर रही हैं।वहीं यूनिफॉर्म सिविल कोड पर उन्होंने साफ तौर पर कहा कि इसे कोई कबूल नहीं कर सकता।
शहर काजी के डॉ. इशरत अली के इस बयान पर भारतीय जनता पार्टी के नेता और एमआईसी मेंबर मनीष शर्मा ने पलटवार किया। उन्होंने कहा कि देश में जो भी कानून बनता है, वह देशहित में बनता है और यह पाकिस्तान नहीं बल्कि हिंदुस्तान है, जहां सभी धर्मों का सम्मान किया जाता है। मनीष शर्मा ने कहा कि आज मुस्लिम महिलाएं बड़े-बड़े पदों पर पहुंच रही हैं और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शिक्षा को आगे बढ़ाने का काम किया है।
यह भी पढ़ें: ट्विशा शर्मा केस: कई घंटों तक पूछताछ के बाद, CBI ने पूर्व जज गिरिबाला सिंह को किया गिरफ्तार
इसके अलावा उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ लोग नहीं चाहते कि मुस्लिम महिलाओं को शिक्षा और जानकारी मिले, इसलिए उन्हें स्मार्टफोन से दिक्कत हो रही है। साथ ही उन्होंने कहा कि स्मार्टफोन से लोगों को रोजगार और व्यापार के अवसर मिल रहे हैं। भाजपा नेता ने शहर काजी को चंदन नगर और आजाद नगर जैसे इलाकों में फैल रहे नशे पर ध्यान देने की भी सलाह दी, और कहा कि पहले शहर कहे ये देखे कि यह नशा कहां से बिक रहा है।