Datia Bhanderi Phatak Dalit Case: दतिया के भांडेरी फाटक क्षेत्र में एक मामूली विवाद ने उस समय गंभीर रूप ले लिया जब एक दलित युवक के साथ बीच सड़क पर लाठी-डंडों से मारपीट किए जाने का मामला सामने आया। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद पुलिस हरकत में आई और त्वरित कार्रवाई करते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने आरोपियों को सार्वजनिक रूप से जुलूस निकालकर न्यायालय में पेश किया, जहां से उनके खिलाफ आगे की वैधानिक कार्रवाई की गई।
जानकारी के अनुसार भांडेरी फाटक स्थित बंगर की हवेली निवासी 24 वर्षीय करन वाल्मीकि ने कोतवाली थाने में शिकायत दर्ज कराई है। शिकायत में बताया गया कि 10 जून की सुबह अग्रसेन इंडेन गैस एजेंसी की सिलेंडर वितरण गाड़ी के कर्मचारियों से किसी बात को लेकर उसका विवाद हो गया था। उस समय मामला शांत हो गया, लेकिन दोपहर में यही विवाद हिंसक झड़प में बदल गया।
पीड़ित के मुताबिक दोपहर करीब एक बजे वीरेंद्र कुशवाह, आकाश कुशवाह, नितिन कुशवाह और एक नाबालिग उसके घर के पास पहुंचे। आरोप है कि सभी ने मिलकर करन को घेर लिया और लाठी-डंडों से हमला कर दिया। हमले में युवक के सिर, हाथ, पीठ, पेट, कमर और पैरों में गंभीर चोटें आईं। घटना के दौरान आसपास मौजूद लोगों में अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
फरियादी ने अपनी शिकायत में यह भी आरोप लगाया है कि मारपीट के दौरान आरोपियों ने जातिसूचक अपमानजनक शब्दों का प्रयोग किया और उसे जान से मारने की धमकी दी। शोर-शराबा सुनकर स्थानीय लोग मौके पर पहुंचे और बीच-बचाव किया, जिसके बाद आरोपी वहां से फरार हो गए।
घायल करन को उपचार के लिए जिला अस्पताल ले जाया गया। प्राथमिक उपचार के बाद उसने अपनी मां के साथ 12 जून को कोतवाली पहुंचकर पूरे मामले की शिकायत दर्ज कराई। शिकायत के आधार पर पुलिस ने मारपीट, धमकी और अनुसूचित जाति एवं जनजाति अत्याचार निवारण अधिनियम सहित विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज कर जांच शुरू की।
इस बीच घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया, जिसमें कुछ लोग युवक के साथ मारपीट करते दिखाई दे रहे हैं। वीडियो सामने आने के बाद मामले ने तूल पकड़ लिया और पुलिस पर त्वरित कार्रवाई का दबाव बढ़ा। पुलिस ने जांच के दौरान आरोपियों की पहचान कर उन्हें गिरफ्तार कर लिया।
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मंगलवार को पुलिस ने चारों आरोपियों को शहर के प्रमुख मार्गों से होते हुए पीतांबरा चौराहे तक पैदल जुलूस के रूप में ले जाकर न्यायालय में पेश किया। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि कानून व्यवस्था बिगाड़ने और सामाजिक सौहार्द को प्रभावित करने वाले मामलों में सख्त कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल मामले की जांच जारी है और पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर आगे की कार्रवाई कर रही है।