IDA Ground Rent Controversy Indore: लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के 19 सितंबर को इंदौर में प्रस्तावित ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम से पहले मध्य प्रदेश में सियासी पारा चढ़ गया है। कार्यक्रम के लिए मैदान के आवंटन और उसके शुल्क को लेकर कांग्रेस और इंदौर विकास प्राधिकरण (IDA) के बीच विवाद गहराता जा रहा है।
कांग्रेस ने प्रशासन पर मनमाने तरीके से पैसे वसूलने और भाजपा के दबाव में काम करने का आरोप लगाया है, जबकि मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने इसे कांग्रेस की हताशा बताया है।
कांग्रेस का कहना है कि कार्यक्रम के लिए रीजनल पार्क के सामने करीब 12 हजार वर्गमीटर का मैदान तीन दिन के लिए बुक किया गया है। शहर कांग्रेस अध्यक्ष चिंटू चौकसे के मुताबिक, शुरुआत में मैदान का शुल्क मात्र 2 लाख रुपए बताया गया था, जिसे बाद में बढ़ाकर लगभग 10 लाख रुपए कर दिया गया। कांग्रेस ने IDA को 10.08 लाख रुपए जमा भी कर दिए। आरोप है कि इसके बाद IDA के मुख्य कार्यपालन अधिकारी ने कार्यक्रम की तैयारी के नाम पर 4 लाख रुपए अतिरिक्त मांगे, जिसे भी पार्टी ने जमा करा दिया है।
इसके अलावा कांग्रेस ने अनुमति की तारीखों पर भी सवाल उठाए हैं। चौकसे के अनुसार, कार्यक्रम की अनुमति 15 सितंबर को दी गई है, जबकि तैयारी का अतिरिक्त शुल्क 14 सितंबर से ही जोड़कर वसूला जा रहा है। इसे अड़चन डालने की कोशिश बताया गया है।
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी ने इस भारी-भरकम शुल्क को लेकर सरकार पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि जब अंग्रेजों के शासनकाल में भी आंदोलनों और सभाओं के लिए शुल्क नहीं लगता था, तो अब ऐसा क्यों हो रहा है? पटवारी ने राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के कार्यक्रमों का हवाला देते हुए सरकार से उनके शुल्कों को लेकर भी सवाल पूछे।
मैदान के शुल्क पर मचे इस बवाल के बीच मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कांग्रेस पर सीधा हमला बोला है। सीएम ने कहा कि कांग्रेस पहले इस बात का हल्ला मचा रही थी कि उन्हें कार्यक्रम की अनुमति नहीं दी जा रही है। अब जब अनुमति मिल गई है, तो वे पैसों की बात करने लगे हैं।
मुख्यमंत्री ने तंज कसते हुए कहा कि पहले कांग्रेस एक करोड़ रुपए तक की राशि देने को तैयार थी, और अब 10 लाख रुपए पर सवाल उठा रही है। उन्होंने कांग्रेस को 'आपातकाल' की याद दिलाते हुए कहा कि जिस पार्टी ने लोकतंत्र को कलंकित किया है, उसे दूसरों पर आरोप लगाने से पहले अपने अंदर झांकना चाहिए।