Narendra Singh Tomar Shivraj Singh Chouhan Meeting : मध्य प्रदेश की सियासत में इन दिनों भाजपा के दिग्गज नेताओं की मुलाकातों ने राजनीतिक चर्चाओं को एक बार फिर हवा दे दी है। दिल्ली में पार्टी के वरिष्ठ नेताओं की लगातार बैठकों के बाद अब भोपाल में विधानसभा अध्यक्ष नरेंद्र सिंह तोमर और केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान की मुलाकात हुई है। दोनों नेताओं की इस मुलाकात ने प्रदेश भाजपा के भीतर चल रही चर्चाओं को और गर्म कर दिया है। हालांकि, मुलाकात को लेकर फिलहाल कोई आधिकारिक राजनीतिक एजेंडा सामने नहीं आया है।
भोपाल में हुई नरेंद्र सिंह तोमर और शिवराज सिंह चौहान की मुलाकात को मौजूदा राजनीतिक माहौल में अहम माना जा रहा है। दोनों नेता भाजपा के वरिष्ठ और प्रभावशाली चेहरों में शामिल हैं। ऐसे में दोनों की मुलाकात सामने आते ही इसके सियासी मायने तलाशे जाने लगे हैं। हालांकि, यह मुलाकात किस मुद्दे को लेकर हुई, इसकी आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है।
भोपाल की इस मुलाकात से पहले दिल्ली में मध्य प्रदेश भाजपा के नेताओं की सक्रियता लगातार चर्चा में रही है। प्रदेश के कई वरिष्ठ नेता राष्ट्रीय नेतृत्व के नेताओं से मुलाकात कर चुके हैं। इन मुलाकातों को लेकर राजनीतिक गलियारों में कई तरह के कयास लगाए जा रहे हैं। हालांकि, अधिकांश नेताओं की ओर से इसे शिष्टाचार भेंट या विकास से जुड़े विषयों पर चर्चा बताया गया है।
खजुराहो सांसद और भाजपा के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष विष्णुदत्त शर्मा ने हाल ही में नई दिल्ली में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात की थी। इस दौरान उन्होंने प्रधानमंत्री को पन्ना के प्रसिद्ध भगवान श्री जुगल किशोर जी का प्रसाद भेंट किया। मुलाकात की तस्वीरें सामने आने के बाद मध्य प्रदेश की राजनीति में इसकी चर्चा तेज हो गई थी।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव भी हाल ही में दिल्ली दौरे पर रहे। इस दौरान उन्होंने केंद्रीय मंत्री भूपेंद्र यादव, सीआर पाटिल समेत कई वरिष्ठ नेताओं से मुलाकात की। मुख्यमंत्री की ओर से इन बैठकों को मध्य प्रदेश से जुड़े विकास कार्यों, परियोजनाओं और प्रशासनिक विषयों पर चर्चा बताया गया। इसके अलावा उन्होंने भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन से भी मुलाकात की।
इससे पहले मध्य प्रदेश सरकार के वरिष्ठ मंत्री लाश विजयवर्गीय ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से मुलाकात की थी। इस बैठक को भी प्रदेश की राजनीति के लिहाज से महत्वपूर्ण माना गया। हालांकि, मुलाकात के एजेंडे को लेकर कोई विस्तृत आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई।
भाजपा नेताओं की लगातार हो रही मुलाकातों के बीच संगठनात्मक बदलाव से लेकर भविष्य की राजनीतिक रणनीति तक चर्चाएं तेज हैं। राजनीतिक हलकों में भाजपा की राष्ट्रीय कार्यकारिणी में संभावित बदलाव, संगठनात्मक फेरबदल और केंद्र में संभावित मंत्रिमंडल विस्तार जैसे मुद्दों को लेकर भी अटकलें लगाई जा रही हैं। हालांकि, इन संभावनाओं की फिलहाल कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
दिल्ली में बढ़ी सक्रियता के बाद अब भोपाल में नरेंद्र सिंह तोमर और शिवराज सिंह चौहान की मुलाकात ने प्रदेश की सियासत में नई चर्चा छेड़ दी है। खास बात यह है कि मुलाकात ऐसे समय हुई है, जब भाजपा के कई बड़े नेता लगातार एक-दूसरे से और राष्ट्रीय नेतृत्व से संपर्क में हैं। फिलहाल नेताओं की ओर से इसे लेकर कोई राजनीतिक संकेत नहीं दिया गया है, लेकिन आने वाले दिनों में होने वाली बैठकों और फैसलों पर सबकी नजर रहेगी।