मुख्यमंत्री मोहन यादव (फोटो सोर्स- नवभारत) 
भोपाल

साइबर सुरक्षा पर मुख्यमंत्री मोहन यादव का बड़ा बयान, कहा- महू में बनेगा साइबर सिक्योरिटी रिसर्च सेंटर

Mohan Yadav Statement: CM मोहन यादव ने साइबर सुरक्षा कार्यशाला में महू में साइबर सिक्योरिटी रिसर्च सेंटर स्थापित करने की घोषणा की। यह केंद्र साइबर सुरक्षा, अनुसंधान और डिजिटल सुरक्षा को मजबूत करेगा।

प्रीतेश जैन

MP Cyber Security Research Center Mahu: मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने कहा है कि साइबर सुरक्षा आज के समय की सबसे बड़ी चुनौतियों में से एक बन चुकी है और इसे राष्ट्रीय सुरक्षा के समान ही गंभीरता से लेने की आवश्यकता है। वे कुशाभाऊ ठाकरे सभागार में आयोजित राज्य स्तरीय साइबर सुरक्षा कार्यशाला को संबोधित कर रहे थे।

कार्यशाला में एडीजी साई मनोहर, सचिव एम. शैलवेंद्रम, डॉ. दिग्विजय सिंह, सम्राट किशोर सहित विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी, विशेषज्ञ और पत्रकार मौजूद रहे। मुख्यमंत्री ने सभी अतिथियों का स्वागत करते हुए कहा कि डिजिटल युग में अपराधों का स्वरूप तेजी से बदल रहा है और साइबर अपराध सबसे जटिल चुनौती बनकर सामने आया है।

साइबर अपराधों की बदलती प्रकृति पर चिंता

सीएम मोहन यादव ने कहा कि पिछले कुछ सालों में साइबर तकनीक के साथ अपराध के तरीके भी तेजी से विकसित हुए हैं। उन्होंने बताया कि राज्य पुलिस द्वारा एक “लाइव साइबर डकैती” का सफल खुलासा किया गया था, जो इस बात का प्रमाण है कि अब अपराध डिजिटल प्लेटफॉर्म पर भी उतनी ही तेजी से हो रहे हैं जितना भौतिक दुनिया में। उन्होंने कहा कि आज डेटा सुरक्षा उतनी ही महत्वपूर्ण हो गई है जितनी देश की सीमाओं की सुरक्षा। यदि किसी व्यक्ति की जीवनभर की कमाई साइबर अपराध के जरिए कुछ ही सेकंड में चोरी हो जाए तो यह गंभीर चिंता का विषय है।

डिजिटल इंडिया और सुरक्षा चुनौतियां

मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की डिजिटल इंडिया और जनधन योजना का उल्लेख करते हुए कहा कि इन योजनाओं ने देश में वित्तीय समावेशन को मजबूत किया है। प्रत्यक्ष लाभ अंतरण (DBT) प्रणाली ने भ्रष्टाचार और लीकेज को काफी हद तक कम किया है। उन्होंने कहा कि जहां डिजिटल सेवाओं से आम जनता को लाभ मिला है, वहीं साइबर सुरक्षा की जिम्मेदारी भी कई गुना बढ़ गई है। उन्होंने कहा कि साइबर अपराध, डीपफेक और डेटा चोरी जैसी चुनौतियों से निपटने के लिए तकनीकी क्षमता, सतर्कता और मजबूत संस्थागत ढांचे की आवश्यकता है।

महू में बनेगा साइबर सिक्योरिटी रिसर्च सेंटर

मुख्यमंत्री ने बड़ी घोषणा करते हुए कहा कि मध्यप्रदेश के महू में मिलिट्री कॉलेज ऑफ टेलीकम्युनिकेशन इंजीनियरिंग और विभिन्न शैक्षणिक संस्थानों के सहयोग से साइबर सिक्योरिटी रिसर्च सेंटर स्थापित किया जाएगा। यह केंद्र साइबर सुरक्षा अनुसंधान, नवाचार और कौशल विकास के क्षेत्र में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। साथ ही यह साइबर खतरों की समय पर पहचान, निगरानी और आधुनिक सुरक्षा व्यवस्था विकसित करने में भी मदद करेगा।

भविष्य की सुरक्षा व्यवस्था पर जोर

सीएम ने कहा कि यह कार्यशाला केवल एक औपचारिक आयोजन नहीं है, बल्कि यह एक सुरक्षित डिजिटल भविष्य की दिशा में सामूहिक प्रतिबद्धता का प्रतीक है। उन्होंने विश्वास जताया कि इस पहल से मध्यप्रदेश साइबर सुरक्षा के क्षेत्र में देश के अग्रणी राज्यों में शामिल होगा।

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