अस्पताल में आरोपियों को VIP ट्रीटमेंट!, फोटो सोर्स- नवभारत
भोपाल

भोपाल जमीन घोटाला: 3 बिल्डर गिरफ्तार, जेल वारंट के बाद तीनों की तबीयत खराब, अस्पताल में VIP ट्रीटमेंट पर सवाल

Bhopal Land Fraud Case: भोपाल में सरकारी जमीन बेचने के आरोप में EOW ने 3 बिल्डरों को गिरफ्तार किया। कोर्ट ने न्यायिक हिरासत के आदेश दिए। जेल वारंट के बाद तीनों अस्पताल में भर्ती हुए।

सुधीर दंडोतिया, प्रीतेश जैन

Highlights:

  • भोपाल के चुनाभट्टी क्षेत्र की सरकारी जमीन बेचने के आरोप में तीन बिल्डर गिरफ्तार।

  • EOW ने वर्ष 2019 में दर्ज एफआईआर के आधार पर कार्रवाई की।

  • सहकारी समितियां बनाकर कम रकबे का डायवर्सन कराने और सरकारी जमीन बेचने के आरोप।

  • न्यायालय ने तीनों आरोपियों को न्यायिक हिरासत में भेजने का आदेश दिया।

  • जेल वारंट के बाद तीनों जेपी अस्पताल में भर्ती, कथित वीआईपी ट्रीटमेंट पर सवाल।

Bhopal Government Land Scam : भोपाल में सरकारी जमीन को कथित तौर पर निजी संपत्ति बताकर बेचने के मामले में आर्थिक अपराध प्रकोष्ठ (EOW) ने कथित भूमाफिया तीन बिल्डरों रामनाथ शर्मा, श्यामनाथ शर्मा और अश्विनीनाथ शर्मा को गिरफ्तार किया है। तीनों पर करोड़ों रुपये की सरकारी जमीन बेचकर लोगों के साथ धोखाधड़ी करने और शासन को आर्थिक नुकसान पहुंचाने के आरोप हैं। इस मामले में EOW ने वर्ष 2019 में एफआईआर दर्ज की थी।

आरोप है कि तीनों बिल्डरों ने विभिन्न सहकारी समितियां बनाकर कम रकबे का डायवर्सन कराया। इसके बाद सहकारी समितियों के माध्यम से सरकारी जमीन को बेचा गया। भोपाल के चुनाभट्टी इलाके की बेशकीमती सरकारी जमीन को निजी संपत्ति बताकर बेचने का आरोप है। रामनाथ शर्मा, श्यामनाथ शर्मा और अश्विनीनाथ शर्मा का नाम हरेकृष्ण कॉलोनाइजर और जानकी बिल्डर से भी जुड़ा बताया गया है।

EOW ने 2019 में दर्ज किया था मामला

आर्थिक अपराध प्रकोष्ठ ने जमीन घोटाले के मामले में वर्ष 2019 में तीनों आरोपियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू की थी। अब कार्रवाई के दौरान तीनों को गिरफ्तार कर अदालत में पेश किया गया। न्यायालय ने आरोपियों को न्यायिक हिरासत में जेल भेजने का आदेश दिया।

जेल वारंट के बाद जेपी अस्पताल में भर्ती

जेल वारंट जारी होने के बाद तीनों आरोपियों की तबीयत बिगड़ने की बात सामने आई। इसके बाद उन्हें भोपाल के जेपी अस्पताल में भर्ती कराया गया। तीनों आरोपियों का एक साथ अस्पताल में भर्ती होना चर्चा का विषय बना हुआ है। हालांकि, उनकी तबीयत बिगड़ने की चिकित्सकीय वजह की विस्तृत जानकारी उपलब्ध नहीं है।

कथित वीआईपी ट्रीटमेंट पर उठे सवाल

जेपी अस्पताल में भर्ती तीनों आरोपियों को कथित तौर पर वीआईपी ट्रीटमेंट मिलने के आरोप भी लग रहे हैं। ऐसे में पुलिस की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठ रहे हैं। मामला सरकारी जमीन से जुड़े कथित घोटाले और शासन को आर्थिक नुकसान पहुंचाने के आरोपों से जुड़ा है। ऐसे में अस्पताल में आरोपियों को दी जा रही सुविधाओं और उनकी निगरानी व्यवस्था को लेकर पुलिस की भूमिका पर सवाल उठाए जा रहे हैं। मामले में CMHO मनीष शर्मा का कहना है कि आरोपियों को बीपी और शुगर की दिक्कत के चलते अस्पताल में भर्ती कराया गया था।

अरुणाचल में चीनी सैनिकों से टकराव पर सियासत तेज, खरगे बोले- संसद में जवाब दें PM मोदी

लंबी उम्र जिएं अमित शाह ताकि अपने गलत कर्मों की... तुषार गांधी ने गृह मंत्री को दी जन्मदिन की शुभकामनाएं

MLC Election 2026 LIVE: चार राज्यों की 28 सीटों पर मतदान खत्म, कब आएंगे नतीजे?

भारत के शौर्य कमांडो कौन हैं? जो अरुणाचल प्रदेश में चीनी सैनिकों का कर रहे सामना

अरुणाचल में तंबू लगा रही चीन की सेना, ITBP और PLA आमने-सामने; चीन को जवाब कैसे देगा भारत?