Walnut or Almond: ड्राई फ्रूट्स हमारे रोजाना के खाने में एक जरूरी हिस्सा बन चुके हैं। इन्हें हम सुबह के नाश्ते में, दूध के साथ या कभी-कभी भूख लगने पर भी खा लेते हैं। हमारा दिमाग हमारे शरीर का अहम हिस्सा होता है। न्यूरॉन्स की मदद से दिमाग पूरे शरीर को कंट्रोल करता है।
इसके पोषण के लिए नटस बेहद फायदेमंद होते हैं। वैसे तो दोनों ही नट्स प्रोटीन, विटामिन और मिनरल से भरपूर होते हैं, लेकिन इनकी संरचना में अंतर होता है। बता दें कि अखरोट में जरूरी फैटी एसिड भरपूर मात्रा में होते हैं, जो दिमाग के लिए बहुत अच्छे हैं। अखरोट में विटामिन ई की मात्रा कम होती है, जब कि बादाम में प्रोटीन और मैग्नीशियम भरपूर मात्रा में होता है और ये दिमाग की कोशिकाओं की रक्षा करते हैं।
अखरोट में स्वस्थ पॉलीअनसेचुरेटेड फैट होता है, जो हार्ट हेल्थ के लिए अच्छा माना जाता है। इसके अलावा अखरोट में ओमेगा-3 होता है, जो शरीर में सूजन को कम करने, ब्लड प्रेशर को कम करने और एचडीएल यानी गुड कोलेस्ट्रॉल को बढ़ाने और एलडीएल यानी बैड कोलेस्ट्रॉल को कम करके कोलेस्ट्रॉल के स्तर को बेहतर बनाने में मदद करता है। अखरोट में एंटीऑक्सीडेंट और पॉलीफेनोल होते हैं। अखरोट प्लांट बेस्ड ओमेगा-3 फैटी एसिड है, जो हमारे ब्रेन की फंक्शनिंग में मदद करता है। अखरोट के सेवन से मेमोरी शार्प होती है। इसमें मौजूद एंटीऑक्सीडेंट ऑक्सीडेटिव तनाव से निपटने में उपयोगी है।
बादाम में मोनोअनसैचुरेटेड फैट होता है, जो दिल के लिए फायदेमंद होते हैं। ये वसा एलडीएल कोलेस्ट्रॉल के स्तर को कम करके हृदय रोग के जोखिम को कम करते हैं। इसके अलावा, बादाम विटामिन ई का अच्छा सोर्स है। आसान भाषा में समझें, तो बादाम में कैलोरी और फैट कम होती है। बादाम में मौजूद मैग्नीशियम न्यूरोट्रांसमीटर गतिविधि के लिए अच्छा होता है। इससे मेमोरी और कॉन्सनट्रेशन पावर बढ़ती है। बादाम में मौजूद प्रोटीन, हेल्दी फैट और फाइबर लंबे समय तक ऊर्जा प्रदान करते हैं। बादाम में राइबोफ्लेविन (विटामिन बी2) और एल-कार्निटाइन होता है, इससे अल्जाइमर में मदद मिलती है।
बादाम को रात भर यानी लगभग 8 घंटे तक भिगोने के बाद ही खाना चाहिए। जब बादाम को भिगोया जाता है, तो इसकी ऊपर की परत नर्म हो जाती है और इसका असली पोषण शरीर में अच्छे से पहुंचता है। भीगे हुए बादाम से विटामिन ई पूरी तरह से शरीर को फायदा पहुंचाता है, जिससे त्वचा में चमक आती है और दिमाग तेज होता है। साथ ही भिगोए हुए बादाम को पचना आसान होता है।
अखरोट को 6 घंटे भिगोने के बाद खाना सबसे सही रहता है। इसमें ओमेगा 3 फैटी एसिड पाया जाता है, जो दिल को मजबूत बनाता है और याददाश्त बढ़ाने में मदद करता है। रोज़ सुबह दो भीगे हुए अखरोट खाने से शरीर को जरूरी फैट्स मिलते हैं जो शरीर को अंदर से ऊर्जा देते हैं।
एक स्वस्थ व्यस्क को रोजाना 15-20 बादाम की गिरि और 5 से 7 अखरोट खाने चाहिए। ये दोनों ही नट्स कैलोरी से भरपूर होते हैं, लेकिन पेट को काफी देर तक भरा हुआ रखते हैं। इसलिए भूख मिटाने के लिए ये सुबह या शाम के नाश्ते के तौर पर एक बेहतरीन विकल्प हैं।
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लोगों का मानना है कि अखरोट और बादाम के छिलके में विषैले पदार्थ होता है। इसे बच्चों को खाने से बचना चाहिए। लेकिन यह सच नहीं है। एक्सपर्ट बताते हैं कि छिलकों में जहर नहीं बल्कि एक यौगिक होता है। जिसे फाइटिक एसिड कहा जाता है, जो बादाम और अखरोट को पर्यावरण से होने वाले नुकसान से बचाते है। लेकिन यह इंसान के लिए जहर की तरह काम नहीं करता है। यह केवल इन नट्स को प्रोटेक्ट करते हैं।