केरल: केरल में कासरगोड जिले के नीलेश्वरम में सोमवार आधी रात थैय्यम फेस्टिवल के दिन ही एक बड़ा हादसा हो गया। ये हादसा फेस्टिवल के दौरान आतिशबाजी के कारण हुआ, जिसमें 150 से अधिक लोग घायल हो गया है।
केरल के कासरगोड में थैय्यम फेस्टिवल में आतिशबाजी के दौरान हुए भीषण हादसे में 150 से ज्यादा लोगो गंभीर रूप से जख्मी हो गए। इस हादसे की जांच कर रही पुलिस ने इस घटना पर बयान दिया है। कासरगोड जिले की एसपी डी शिल्पा ने बताया कि पटाखा फोड़ते समय यह हादसा हुआ।
कासरगोड जिले की एसपी डी शिल्पा ने कहा, "पटाखे फोड़ते समय एक पटाखा उस कमरे पर गिरा जहां पटाखे रखे हुए थे। इसलिए विस्फोट वहीं हुआ है। चूंकि लोग उस कमरे के बहुत करीब बैठे थे, इसलिए कई लोग घायल हो गए। यही बात अब तक हमारी समझ में आई है। लेकिन और जांच की जरूरत है।"
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पुलिस ने लाइसेंस के बारे में जानकारी देते हुए कहा, "मंदिर अधिकारियों ने कई बदलाव किए हैं, जिनके बारे में उन्होंने हमें नहीं बताया है। सबसे पहले, उन्होंने लाइसेंस नहीं लिया है और उन्होंने हमें पटाखों के इस्तेमाल के बारे में नहीं बताया है। उन्होंने किसी को नहीं बताया कि उस कमरे में पटाखे रखे गए हैं और उन्होंने लोगों को वहां बैठने की अनुमति दी है।" आगे और पूछताछ के बारे में एसपी डी शिल्पा ने कहा "इसलिए, मंदिर अधिकारियों की ओर से चूक हुई है, हम व्यापक जांच कर रहे हैं। अतिरिक्त एसपी उस जांच दल का नेतृत्व करेंगे और वह विस्तृत जांच करेंगे और रिपोर्ट जमा करने पर, यदि कोई चूक हुई है, तो कार्रवाई की जाएगी। अभी हमारे पास तीन लोग हिरासत में हैं। हम उनसे पूछताछ कर रहे हैं, यह पता लगाने की कोशिश कर रहे हैं कि क्या हुआ है और उसके बाद गिरफ्तारी दिखाई जाएगी...।"
बता दें कि केरल के कासरगोड में हुए इस हादसे में पुलिस ने बिना किसी अनुमति के आतिशबाजी करने और दिशा-निर्देशों का उल्लंघन करने के आरोप में 8 मंदिर समिति सदस्यों के खिलाफ गैर-जमानती धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है। एफआईआर में कहा गया है कि लापरवाही के कारण आतिशबाजी भंडारण क्षेत्र में आग लग गई।
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