लखनऊ: बहुजन समाज पार्टी प्रमुख मायावती ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी और उनके द्वारा शुरू की जा रही "भारत डोजो यात्रा" पर जमकर हमला बोला है। उन्होंने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि यह यात्रा गरीब लोगों के साथ एक मजाक है। इतना ही नहीं उन्होंने यह भी कहा कि खेलों का राजनीतिकरण करना बेहद हानिकारक साबित हो सकता है।
बसपा सुप्रीमो मायावती लोकसभा चुनाव में मिली करारी हार के बाद और कई राज्यों में हो रहे विधानसभा चुनाव से पहले एक्टिव मोड में आ गई हैं। उन्होंने अपने पार्टी में कई बदलाव भी किए हैं। इसी के साथ बयानबाजी का दौर भी शुरू हो गया है।
कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने गुरुवार को सोशल मीडिया पर एक वीडियो शेयर करते हुए बताया था कि जल्द ही भारत डोजो यात्रा शुरू होने वाली है। इस पोस्ट में उन्होंने एक वीडियो भी शेयर किया था। जिसमें वो अपने भारत जोड़ों यात्रा के दौरान मार्शल आर्ट करते नजर आ रहे थे। राहुल गांधी के साथ अन्य कई बच्चे भी थे जो उनके साथ प्रैक्टिस करते नजर आ रहे थे। राहुल गांधी ने इस पोस्ट में अपनी पुरानी यादों को साझा करते हुए डोजो का महत्व समझाया था। हालांकि अब मायावती ने उनके इस पोस्ट के पलटवार में एक और पोस्ट शेयर किया है।
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मायावती ने सोशल मीडिया पर पोस्ट शेयर करते हुए लिखा, ‘‘पेट भरे लोगों के लिए डोजो और अन्य खेलकूद के महत्व से किसी को इनकार नहीं, लेकिन गरीबी, बेरोजगारी, महंगाई और पिछड़ेपन आदि से त्रस्त जीवन से जूझ रहे उन करोड़ों परिवारों का क्या जो पेट पालने के लिए दिन रात कमर तोड़ मेहनत को मजबूर हैं। क्या भारत डोजो यात्रा उनका उपहास नहीं है?''
पूर्व सीएम मायावती ने केंद्र सरकार और यूपी सरकार पर हमला बोलते हुए कहा कि केंद्र और राज्य की सरकारें देश के करोड़ों गरीब और मेहनतकश लोगों को सही एवं सम्मानपूर्वक रोजी-रोजी की व्यवस्था कर पाने में अपनी विफलता पर पर्दा डालने के लिए उनसे भूखे पेट भजन कराते रहना चाहती हैं, लेकिन विपक्षी कांग्रेस का भी वैसा ही जनविरोधी रवैया जनता को कैसे गंवारा संभव है?''
उन्होंने अपने तीसरे पोस्ट में लिखा, "कांग्रेस एवं इनके इण्डी गठबंधन ने आरक्षण व संविधान बचाने के नाम पर एससी, एसटी व ओबीसी का वोट लेकर अपनी ताकत तो बढ़ा ली, किन्तु अपना वक्त निकल जाने पर उनके भूख व तड़प को भुलाकर उनके प्रति यह क्रूर रवैया अपनाना क्या उचित? खेल का राजनीतिकरण हानिकारक जो अब और नहीं।