Madrid Metro 
देश

प्रथम विश्व युद्ध और स्पेनिश फ्लू के दौरान निर्मित ‘मैड्रिड मेट्रो' के 104 साल पूरे, 31 अक्टूबर 1919 को शुरू हुई थी यात्री सेवा

साक्षी सिंह

नई दिल्ली: प्रथम विश्व युद्ध और स्पेनिश फ्लू जैसे चुनौतीपूर्ण समय के दौरान निर्मित मैड्रिड मेट्रो ने अपने उतार-चढ़ाव से भरे सफर के 104 वर्ष पूरे कर लिए हैं। मैड्रिड मेट्रो के एक शीर्ष अधिकारी ने एक न्यूज एजेंसी को बताया कि जब 1919 में इसकी शुरुआत हुई तो इसे इंजीनियरिंग के लिहाज से एक बड़ी उपल्बधि और चमत्कार माना जा रहा था क्योंकि स्पेन की इस पहली मेट्रो को सिर्फ दो से तीन वर्षों के भीतर बनाया गया था। 

मैड्रिड मेट्रो के ‘एक्सेसिबिलिटी, एक्सटीरियर और साइनेज' के समन्वयक एंटोनियो लेरास हाल ही में केंद्रीय शहरी एवं आवास मामलों के मंत्रालय द्वारा आयोजित शहरी भारत गतिशीलता सम्मेलन 2023 में भाग लेने के लिए दिल्ली में मौजूद थे। उन्होंने कहा कि मैड्रिड मेट्रो (Metro de Madrid) का निर्माण प्रथम विश्व युद्ध के वक्त और एक ऐसे समय में हुआ, जब दुनिया स्पेनिश फ्लू नाम की महामारी की गिरफ्त में थी। स्पेनिश फ्लू 1918 में फैला था। 

अधिकारी ने कहा कि कोविड महामारी की ही तरह स्पेनिश फ्लू ने भी भारी तबाही मचाई थी और बड़ी संख्या में लोगों ने अपनी जान गंवाई थी। उस दौरान भी लोगों की आवाजाही प्रभावित हुई थी। उन्होंने कहा, ''निस्संदेह ये (स्पेनिश फ्लू) शहर के लिए एक बड़ी समस्या था। वह आज के समय में कोविड की तरह था और प्रथम विश्व युद्ध भी चल रहा था, जिसमें स्पेन ने भाग नहीं लिया था। बहुत से लोगों की मौत हुई थी।'' 

अधिकारी ने बताया कि 31 अक्टूबर 1919 को मेट्रो मैड्रिड ने यात्री सेवा शुरू की थी, जिसका 3.48 किलोमीटर का एक छोटा सा गलियारा था, जो इस सौ साल के सफर के दौरान बढ़कर 295 किलोमीटर और 303 स्टेशन का लंबा-चौड़ा नेटवर्क बन गया है। (एजेंसी)

ये सरकार कायर है...अब बातचीत नहीं, रांची में विधानसभा तक पहुंचे छात्र, देवेंद्र महतो बोले- फैसला चाहिए

UPSC Recruitment 2026: 34 पदों पर निकली वैकेंसी, 28 अगस्त तक करें आवेदन, जानें योग्यता और चयन प्रक्रिया

Ram Mandir Donation Case: राम मंदिर मामले पर SC में अगले हफ्ते होगी सुनवाई, जानें आज कोर्ट में क्या हुआ

अभिषेक बनर्जी को सुप्रीम कोर्ट से बड़ी राहत, विदेश जाने की मिली सशर्त मंजूरी, कलकत्ता HC का फैसला पलटा

दिल्ली में छात्रों पर लाठीचार्ज मामले में गृह मंत्री देंगे जवाब, सरकार संसद में चर्चा के लिए तैयार