Bihar Politics: बिहार की राजनीति में 'छोटे सरकार' के नाम से मशहूर मोकामा विधायक अनंत सिंह जब भी कैमरे के सामने आते हैं, तो कोई न कोई बड़ी सुर्खी निकलना तय होता है। सोमवार को जब वे बेऊर जेल से एम्बुलेंस के जरिए पटना विधानसभा पहुंचे, तो नजारा कुछ ऐसा ही था।
राज्यसभा चुनाव के लिए वोट डालने आए इस कद्दावर नेता ने न केवल अपनी सियासी पारी के अंत के संकेत दिए, बल्कि बिहार के भविष्य के मुख्यमंत्री के तौर पर एक ऐसे नाम की चर्चा छेड़ दी, जिसने राज्य के सियासी गलियारों में एक नई बहस पैदा कर दी है।
विधानसभा की चौखट पर खड़े होकर अनंत सिंह ने बड़ी बेबाकी से ऐलान किया कि वे अब भविष्य में कभी चुनाव नहीं लड़ेंगे। अपनी दबंगई और चुनावी जीत के रिकॉर्ड के लिए मशहूर सिंह ने इसके पीछे की वजह मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के प्रति अपनी अटूट निष्ठा को बताया। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि अगर नीतीश कुमार राजनीति में सक्रिय नहीं रहते हैं, तो उनके बिना मैदान में उतरने का कोई मतलब नहीं रह जाता। यह घोषणा इसलिए भी चौंकाने वाली है क्योंकि महज एक महीने पहले ही उन्होंने विधायक पद की शपथ ली थी और मोकामा की जनता को उनसे काफी उम्मीदें थीं।
राज्यसभा चुनाव की वोटिंग प्रक्रिया में हिस्सा लेने के बाद जब अनंत सिंह मीडिया से मुखातिब हुए, तो उन्होंने बिहार की गद्दी के लिए अपनी पसंद का खुलासा कर दिया। उन्होंने कहा कि चूंकि नीतीश कुमार अब राज्यसभा जा रहे हैं, इसलिए उनकी जगह उनके बेटे निशांत कुमार को ही बिहार का अगला मुख्यमंत्री बनाया जाना चाहिए।
बता दें कि निशांत कुमार ने हाल ही में जेडीयू ज्वाइन की है, जिसके बाद से ही उनके राजनीतिक भविष्य को लेकर अटकलें लगाई जा रही थीं। अनंत सिंह के इस बयान ने उन कयासों को और पुख्ता कर दिया है। हालांकि, जब उनसे तेजस्वी यादव के बारे में सवाल किया गया, तो वे इस पर चर्चा करने से बचते नजर आए और बोले किसका नाम ले लिया।
अनंत सिंह इस वक्त राजद नेता दुलारचंद यादव की हत्या के गंभीर मामले में जेल में बंद हैं। उन पर आरोप है कि नवंबर 2025 में उनके इशारे पर इस वारदात को अंजाम दिया गया था। हालांकि, जेल की सलाखों के पीछे होने के बावजूद उनके तेवर ढीले नहीं पड़े हैं।
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विधानसभा से निकलते वक्त उन्होंने पूरे आत्मविश्वास के साथ कहा कि वे अगले एक महीने के भीतर रिहा हो जाएंगे और असली अपराधी सलाखों के पीछे होगा। उन्होंने खुद को पूरी तरह निर्दोष बताते हुए न्यायपालिका पर भरोसा जताया है।