Noida में कार चोरों का हुआ खोलासा। (सौ. AI) 
ऑटोमोबाइल

नोएडा में कार चोरी करने वाली गैंग का खुलासा, चुंबक से खोलते थे स्टीयरिंग लॉक

Car Theft with Magnet: नोएडा में पुलिस ने ऐसी कार चोर गैंग को पकड़ा है जो कुछ ही मिनटों में घर के बाहर खड़ी गाड़ियों को चुराकर ले जाते थे।

सिमरन सिंह

Noida Car Theft: नोएडा से एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है, जहां पुलिस ने ऐसी कार चोर गैंग को पकड़ा है जो कुछ ही मिनटों में घर के बाहर खड़ी गाड़ियों को चुराकर ले जाते थे। खास बात यह है कि ये चोर ज्यादा पढ़े-लिखे नहीं थे, फिर भी उन्होंने ऐसी तकनीकें अपनाई थीं जो पुलिस को भी चौंका गईं। चोरी की गई कारें कुछ ही घंटों में टुकड़ों में बदल जाती थीं और उनके पुर्जे अलग-अलग बाजारों में बेच दिए जाते थे।

इस तरह होती थी कार चोरी

नोएडा पुलिस के अनुसार, गैंग पहले बिना नंबर वाले स्कूटर से इलाके की रैकी करता था। इसके बाद लोहे की T-शेप वाली रॉड से गाड़ी की खिड़की का लॉक तोड़ा जाता था। गैंग का एक सदस्य चुंबक की मदद से कार का स्टीयरिंग लॉक तोड़ देता था। आरोपी ने बताया कि वह स्टीयरिंग के नीचे चुंबक लगाकर लॉक खोलता था, जिससे कुछ ही सेकंड में डुप्लीकेट चाबी से कार स्टार्ट की जा सकती थी। इसके बाद कार लेकर वे फरार हो जाते थे।

कुछ घंटों में करते थे कार के टुकड़े

पकड़े गए आरोपियों ने खुलासा किया कि वे चोरी की गई कार को अपने साथी को मात्र 50 हजार रुपये में बेच देते थे। साथी महज दो से तीन घंटे में ही कार को टुकड़ों में काट देता था और उसके पुर्जे अलग-अलग बाजारों में बेच देता था। इससे उन्हें डेढ़ से ढाई लाख रुपये तक की कमाई होती थी। इनका निशाना मुख्य रूप से Maruti Brezza जैसी कारें होती थीं। पुलिस जांच में सामने आया कि यह गैंग अब तक 50 से ज्यादा ब्रेज़ा कारें चुरा चुका है।

अनपढ़ है गैंग का सरगना

पुलिस के मुताबिक, इस गिरोह का सरगना हेमंत बिल्कुल अनपढ़ है। चुंबक से लॉक खोलने वाला आरोपी अमित सिर्फ आठवीं पास है, जबकि कार को काटने वाला बलजीत मात्र पांचवीं तक पढ़ा है। पुलिस ने इन तीनों से नकद रकम बरामद की है और इनके अन्य साथियों के नाम भी सामने आए हैं। इन पर उत्तर प्रदेश के कई थानों में करीब 40 आपराधिक केस दर्ज हैं।

क्या सच में चुंबक से टूट सकता है कार लॉक?

हालांकि इस बात की कोई पुख्ता जानकारी नहीं है कि चुंबक से स्टीयरिंग लॉक तोड़ा जा सकता है या नहीं। आजकल की कारों में एडवांस इलेक्ट्रिक लॉक्स लगाए जाते हैं। विशेषज्ञों के अनुसार, चोरी का असली तरीका शायद डुप्लीकेट चाबी या सॉफ्टवेयर मैनिपुलेशन हो सकता है। मारुति सुज़ुकी अपनी कारों में इम्मोबिलाइज़र और एंटी-थेफ्ट अलार्म जैसी तकनीकें देती है, जो बिना सही चाबी के इंजन स्टार्ट नहीं होने देतीं। हालांकि, कंपनी के कुछ मॉडल्स चोरी के मामलों में अधिक निशाने पर रहते हैं।

सरकार पर प्रियंका गांधी का वार, बोली बेरोजगारी और महंगाई रूपी रावण से जूझ रही जनता

एकनाथ शिंदे जल्द बनेंगे CM, जो रास्ते में आएगा उसका...दशहरा रैली में शिवसेना के मंत्री के दावे से हड़कंप!

दिल्ली पुतला विवाद: AAP पर बरसे कपिल मिश्रा, बोले- कॉकरोच के पुतले से राजनीतिक दीमकों को हो रहा है दर्द

Explainer: यूपी चुनाव में किसकी नैया के खेवनहार बनेंगे मल्लाह, किन सीटों पर है मजबूत पकड़? जानें पूरा समीकरण

दशहरा समारोह में शामिल हुए PM मोदी, बोले- सत्ता का उद्देश्य जनकल्याण होना चाहिए