Pic: ANI 
आर्टिकल

ओडिशा: ट्रेन हादसे के बाद बचाव अभियान तेज, खून देने के लिए अस्पताल में लगी भीड़, 1 दिन के राजकीय शोक की घोषणा

राहुल गोस्वामी

नई दिल्ली. जहां एक तरफ बीते शुक्रवार को ओडिशा के बालासोर में हुए दर्दनाक ट्रेन हादसे (Balasore Train Accident) में अब तक मृतक संख्या बढ़कर 233 हो गई है और 900 से अधिक यात्री घायल हुए हैं। वहीं फिलहाल मृतक संख्या बढ़कर हादसे के बाद बड़े पैमाने पर राहत एवं बचाव कार्य जारी है। 

इधर बालासोर ट्रेन हादसे के बाद रक्तदान करने के लिए अस्पताल में स्थानीय लोगों की जबरदस्त भीड़ देखने को मिली। जी हां, इस घटना के बाद से ही स्थानीय लोगों ने बढचढ कर नचाव अभियान में भाग लिया है। साथ ही अब लोग अपने शक्ति के अनुसार बचाव अभियान में मदद को तत्पर हो रहे हैं। 

वहीं आज ओडिशा के मुख्यमंत्री नवीन पटनायक ने राज्य में हुए भीषण ट्रेन हादसे के मद्देनजर शनिवार को एक दिवसीय राजकीय शोक घोषित किया है। ओडिशा सरकार के सूचना एवं जनसंपर्क विभाग ने इस बाबत ट्वीट किया, ‘‘महत्वपूर्ण घोषणा: बाहानगा में हुई भीषण रेल दुर्घटना के मद्देनजर माननीय मुख्यमंत्री नवीन पटनायक ने एक दिन के राजकीय शोक का आदेश दिया है, इसलिए तीन जून को पूरे राज्य में कोई राजकीय जश्न नहीं मनाया जाएगा।'' 

उधर फिलहाल मौके पर पहुचे केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने कहा, "फिलहाल घायलों का बेहतर इलाज प्राथमिकता है। हम इसकी तह तक जाएंगे। मैं कुछ देर में वहां पहुंचने वाला हूं। कल रात से जितने नजदीक के अस्पताल हैं, उनमें घायलों को भर्ती कराया जा रहा है, मैं खुद प्रशासन से बात कर रहा हूं। भविष्य में इस तरह की रेल घटनाएं ना हो, इसकी कोशिश की जाएगी।"

इसके साथ ही वैष्णव ने कहा, 'दुर्घटनास्थल सभी दिवंगत लोगों के परिवारों के प्रति मेरी संवदेना है। घायलों को जितनी बेहतर इलाज की सुविधा होगी वो दी जाएगी। जांच के लिए एक उच्चस्तरीय कमेटी भी गठित की गई है, रेलवे सेफ्टी कमिश्नर भी इसकी जांच करेंगे। कमेटी यह समझेगी कि किस कारण यह हादसा हुआ। ये जिस तरह की दुर्घटना है,उसमें सबसे पहले हमारा फोकस होना चाहिए कि घायलों को कैसे बेहतर इलाज मिले।"

जापानी निवेश का प्रमुख केंद्र बन रहा महाराष्ट्र, मुंबई में JCCI प्रतिनिधिमंडल के साथ हुई उच्चस्तरीय बैठक

एथेनॉल से चलेंगी गाड़ियां, लेकिन इतनी सप्लाई आएगी कहां से? सुप्रीम कोर्ट का सरकार से सवाल

जामिया में छात्रों की बड़ी जीत, यूनिवर्सिटी ने जारी किया छात्र संघ चुनाव का शेड्यूल

प्रदर्शन से अर्थव्यवस्था को कितना होता है नुकसान ? कारोबार,रोजगार और जनता की जेब पर पड़ने वाले प्रभाव को समझे

40 साल की दोस्ती और हर बड़े काम में अहम भूमिका, कौन हैं मुकेश अंबानी के खास दोस्त MM?