File Pic 
आर्टिकल

राजद्रोह मामलों में केंद्र की कोई भूमिका नहीं, राज्य दर्ज कराते हैं मुकदमे : केंद्र

राहुल गोस्वामी

नयी दिल्ली. राजद्रोह (Treason Cases) के मामलों में दोषिसिद्धि की दर काफी कम होने को लेकर विपक्ष के निशाने पर आयी सरकार ने बुधवार को राज्यसभा में कहा कि ऐसे मामलों में केंद्र की कोई भूमिका नहीं होती और राज्य सरकारें मामले दर्ज कराती हैं। गृह राज्य मंत्री जी किशन रेड्डी (Kishan Reddy) ने राज्यसभा में प्रश्नकाल के दौरान पूरक सवालों के जवाब में यह जानकारी दी।

उन्होंने कहा कि इस संबंध में केंद्र राज्यों को कोई निर्देश नहीं देता और भारत सरकार ने किसी व्यक्ति या संस्था के खिलाफ कोई गलत मामला नहीं दर्ज कराया है। इस दौरान कई विपक्षी सदस्यों ने कहा कि 2019 में 96 ऐसे मामले दर्ज किए गए जिनमें दो मामलों में ही दोषसिद्धि हुयी। विपक्ष ने सवाल किया कि क्या सरकार फर्जी मुकदमे दर्ज करा रही है। इस पर रेड्डी ने कहा कि जिन 96 मामलों का जिक्र किया गया है, उन सभी मामलों में अदालत का फैसला नहीं आ गया है।

उन्होंने कहा कि कई मामले विभिन्न चरणों में हैं। उन्होंने कहा कि कुछ मामले जांच के चरण में हैं तो कुछ मामलों में आरोपपत्र दाखिल किया गया है वहीं कुछ में सुनवाई चल रही है। उन्होंने कहा कि इस सरकार ने आंकड़ों में राजद्रोह के मामले शामिल करने का प्रयास किया है। उन्होंने दावा किया कि पहले की सरकारों में इसे छिपाया जाता था। उन्होंने कहा कि सरकार लोकतंत्र और प्रेस की आजादी के लिए प्रतिबद्ध है और कोई भी व्यक्ति संविधान के तहत बोल सकता है तथा सरकार इसमें कोई रुकावट नहीं पैदा करती। 

MLC Election Results: महाराष्ट्र में महायुति को झटका, MVA ने 5 में से 3 सीटें जीतीं, सभी सीटों के परिणाम जारी

फिलीपींस में बिना नाम लिए पाकिस्तान को रक्षा मंत्री की दो टूक, ऑपरेशन सिंदूर का उदाहरण दिया

मजीठिया के खिलाफ 40 हजार पन्नों की चार्जशीट, AAP ने 736 करोड़ की मनी ट्रेल और BJP से कनेक्शन का किया दावा

बैलेट बॉक्स, इस्तीफा दो से DK इट्स डन ब्रो तक, MLC चुनाव के नतीजों पर BJP ने कांग्रेस पर की मीम्स की बौछार

Cyclone Alert: दिल्ली से आंध्र तक 19 राज्यों में अर्नब चक्रवात का असर, बारिश-तेज हवाओं और लैंडस्लाइड का अलर्ट