-
शनि, 1 अगस्त 2026 ई-पेपर
Top News
- Hindi News »
- World »
- Us Subterranean Warfare China Defense Threat
जमीन के नीचे से वार करेगा अमेरिका? ड्रैगन की सुरक्षा को इन हथियारों से बड़ा खतरा, चीनी एक्सपर्ट्स ने दी चेतावनी
- Written By: अमन उपाध्याय
US China Under Ground War: अमेरिकी सेना की युद्ध रणनीति ने चीन की चिंता बढ़ा दी है। चीनी विशेषज्ञों का मानना है कि सुरंगों के जरिए होने वाले ये हमले उनकी सुरक्षा व्यवस्था को ध्वस्त कर सकते हैं।

US चीन सबटेरियन वॉरफेयर, AI Photo
US China Subterranean Warfare: भविष्य के युद्ध अब केवल जमीन, आसमान या समंदर तक सीमित नहीं रहेंगे, बल्कि अब लड़ाई पाताल यानी जमीन के नीचे भी लड़ी जाएगी। अमेरिकी सेना की बढ़ती भूमिगत युद्ध क्षमताओं ने चीन के रणनीतिकारों की नींद उड़ा दी है।
‘चाइनीज इंस्टीट्यूट ऑफ कमांड एंड कंट्रोल’ ने आगाह किया है कि अमेरिका ने जमीन के नीचे अपनी रणनीतिक और सामरिक पहुंच का विस्तार कर लिया है, जो भविष्य के युद्धों की एक डरावनी तस्वीर पेश करता है।
जमीन के नीचे चलने वाली पनडुब्बी
चीनी रक्षा विशेषज्ञों के अनुसार, डिफेंस टेक्नोलॉजी कंपनी एंडुरिल के संस्थापक पामर लकी ने सबटेरीन के कॉन्सेप्ट को तेजी से बढ़ावा दिया है। यह एक ऐसा विशेष वाहन है जो पृथ्वी की ऊपरी परत के भीतर ठीक उसी तरह आवाजाही कर सकता है जैसे समुद्र में पनडुब्बियां चलती हैं।
सम्बंधित ख़बरें
Amazon की ड्राइवरलेस Robotaxi को मिली बड़ी मंजूरी, अब AI चलाएगा कार, इंसानी ड्राइवर की नहीं होगी जरूरत?
PoK भारत का अभिन्न हिस्सा! सरहद पार तनाव के बीच MEA ने अमेरिकी मीडिया को फटकारा, सही नाम इस्तेमाल करने की अपील
सऊदी ने तैयार किया इस्लामिक NATO…पाकिस्तान समेत 14 मुस्लिम देश बने सदस्य, ओमान और UAE ने क्यों बनाई दूरी?
महबूबा मुफ्ती का पाकिस्तान से मोह भंग! Pok में पाक फौज के जुल्म देख भड़की, बोली- बंद हो कश्मीरियों पर अत्याचार
गुओडोंग थिंक टैंक की एक हालिया रिपोर्ट में दावा किया गया है कि यदि यह तकनीक हकीकत बनती है, तो यह चीन की दशकों पुरानी रक्षा रणनीति के लिए एक अभूतपूर्व चुनौती होगी, जो अब तक ऊंचे पहाड़ों और दुर्गम भौगोलिक क्षेत्रों पर टिकी थी।
फेल हो सकते हैं रडार और सैटेलाइट
चीन के लिए सबसे बड़ी चिंता यह है कि उसके वर्तमान सुरक्षा तंत्र जिसमें सैटेलाइट, रडार और सिग्नल सेंसर शामिल हैं जमीन के बहुत नीचे होने वाली हलचल का पता लगाने में सक्षम नहीं हैं।
रिपोर्ट के मुताबिक, जमीन के भीतर सुरंग बनाने वाली गतिविधियों या वहां चलने वाले वाहनों की पहचान करना मौजूदा सिस्टम के लिए नामुमकिन जैसा है। ऐसी स्थिति में, अगर दुश्मन देश भीतरी इलाकों तक सुरंगों के जरिए पहुंच जाता है, तो बचाव की तैयारी के लिए मिलने वाला समय शून्य के बराबर रह जाएगा।
परमाणु और रासायनिक हमले का भी डर
विशेषज्ञों ने चेतावनी दी है कि चीन में मौजूद नागरिक सुरक्षा इंफ्रास्ट्रक्चर और भूमिगत सुविधाएं इन उन्नत तकनीकों के सामने बेहद कमजोर साबित हो सकती हैं। घुसपैठ के अलावा, परमाणु ऊर्जा से चलने वाले ‘सबटेरीन’ वाहन रेडियोलॉजिकल खतरा पैदा कर सकते हैं। साथ ही, जमीन के नीचे का माहौल रासायनिक या जैविक एजेंट फैलाने के लिए दुश्मन के लिए सबसे मुफीद साबित हो सकता है।
अमेरिका की तैयारी
अमेरिकी सेना इस दिशा में काफी पहले कदम बढ़ा चुकी है। साल 2019 में ही अमेरिका ने भूमिगत युद्ध के लिए अपनी ‘ऑपरेशनल डॉकट्रिन’ जारी की थी। वेस्ट पॉइंट के विशेषज्ञ जॉन स्पेंसर का तर्क है कि जमीन के नीचे के हिस्से को युद्ध के एक स्वतंत्र क्षेत्र के रूप में मान्यता मिलनी चाहिए क्योंकि यह सैटेलाइट निगरानी और सटीक हमलों से बचने का अचूक रास्ता है।
यह भी पढ़ें:- PoK भारत का अभिन्न हिस्सा! सरहद पार तनाव के बीच MEA ने अमेरिकी मीडिया को फटकारा, सही नाम इस्तेमाल करने की अपील
जवाब में, चीनी थिंक टैंक ने एक व्यापक ‘राष्ट्रीय भूमिगत सुरक्षा रणनीति’ बनाने की वकालत की है। इसमें देशव्यापी सैन्य भूवैज्ञानिक सर्वेक्षण, एडवांस्ड डिटेक्शन टेक्नोलॉजी में निवेश और नागरिक सुरक्षा सुविधाओं को अपग्रेड करना शामिल है। विशेषज्ञों का कहना है कि भविष्य के युद्धों में अस्तित्व बचाए रखने के लिए भूमिगत युद्ध क्षेत्र की तैयारी अब कोई विकल्प नहीं बल्कि अनिवार्य आवश्यकता बन गई है।
Us subterranean warfare china defense threat
Get Latest Hindi News , Maharashtra News , Entertainment News , Election News , Business News , Tech , Auto , Career and Religion News only on Navbharatlive.com
Topics:
लेटेस्ट न्यूज़
जमीन के नीचे से वार करेगा अमेरिका? ड्रैगन की सुरक्षा को इन हथियारों से बड़ा खतरा, चीनी एक्सपर्ट्स ने दी चेतावनी
Aug 01, 2026 | 07:48 AMNavabharat Nishanebaaz: कब तक छिपेंगे अमित शाह, राहुल-खड़गे देखते राह
Aug 01, 2026 | 07:48 AMजैसलमेर सड़क हादसे में इंदौर के मेजर हमजा आरिफ का निधन, एक महीने पहले हुई थी शादी
Aug 01, 2026 | 07:45 AMऑडियो विवाद में BJP को झटका: उत्तर महाराष्ट्र समन्वयक विजय चौधरी का इस्तीफा, सियासत गरमाई
Aug 01, 2026 | 07:45 AMLPG Price Today: 1 अगस्त से सस्ता हुआ कमर्शियल LPG, घरेलू गैस सिलेंडर पर नहीं मिली राहत, देखें नई रेट लिस्ट
Aug 01, 2026 | 07:40 AMबंगाल में सियासी हलचल, सुवेंदु के सहयोगी चंद्रनाथ रथ की हत्या में 2 गिरफ्तार, सामने आया TMC कनेक्शन!
Aug 01, 2026 | 07:37 AMबेटी के इलाज के नाम पर बनाई सहानुभूति, कई दिनों तक विश्वास जीतने के बाद दिया वारदात को अंजाम
Aug 01, 2026 | 07:33 AMवीडियो गैलरी

सावन में खुली शराब और मीट की दुकानों पर भड़का हिंदू संगठन, प्रशासन को दिया 24 घंटे का अल्टीमेटम, देखें VIDEO
Jul 31, 2026 | 10:38 PM
PoK में नरसंहार! 24 घंटे में मिली 34 लाशें, आसिफ मुनीर की जालिम फौज पर फूटा भारत का गुस्सा, देखें VIDEO
Jul 31, 2026 | 09:15 PM
कानपुर चाय कांड में आया खौफनाक मोड़, पत्नी ने पति पर लगाया तलाक के लिए साजिश रचने का आरोप, देखें VIDEO
Jul 31, 2026 | 09:00 PM
संसद में भगवा वस्त्र पहनकर पप्पू यादव ने पार की हद, भड़के संतों ने दी खुली चेतावनी, देखें VIDEO
Jul 31, 2026 | 08:11 PM
भेष बदलकर अचानक संसद पहुंचे पप्पू यादव! राम मंदिर के चढ़ावे पर किया अनोखा प्रदर्शन, देखें VIDEO
Jul 31, 2026 | 02:44 PM
अजब मन्नत! 101 लीटर गंगाजल लेकर पैदल निकला कांवड़िया, कहा- योगी जी बनें देश के PM,देखें VIDEO
Jul 30, 2026 | 11:15 PM














