Iran Port Restrictions: अमेरिका ने ईरान के बंदरगाहों पर सख्त समुद्री नाकेबंदी लागू की

Iran Ports Restricted: आज अमेरिका ने ईरान पर सख्त समुद्री नाकेबंदी लागू कर दी है और सीजफायर बढ़ाने से इनकार किया है। 48 घंटों में 9 जहाज लौटाए गए। 5,000 अमेरिकी सैनिक इस अहम मिशन को अंजाम दे रहे हैं।
US Navy Enforces Strict Maritime Blockade on Iranian Ports 
अमेरिका की ईरान पर सख्त समुद्री नाकेबंदी (सोर्स-सोशल मीडिया)
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Ceasefire Extension Formal Request: अमेरिका ने Iran के खिलाफ अपनी सैन्य रणनीति को अब बहुत कड़ा कर दिया है। अरब खाड़ी में अमेरिकी नौसैनिक सैन्य अभियान पूरी तरह से सक्रिय हो गए हैं। व्हाइट हाउस ने स्पष्ट किया है कि वे युद्धविराम विस्तार का औपचारिक अनुरोध नहीं कर रहे हैं। राष्ट्रपति ट्रंप की अहम शर्तों को मानना ही अब ईरान के सर्वोत्तम राष्ट्रीय हित में है।

व्हाइट हाउस की घोषणा

व्हाइट हाउस की प्रेस सचिव कैरोलिन लीविट ने सुबह आई कुछ गलत रिपोर्टिंग का कड़ाई से खंडन किया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि अमेरिका ने युद्धविराम को आगे बढ़ाने के लिए किसी से भी कोई औपचारिक अनुरोध नहीं किया है। Iran से जुड़े सभी समुद्री प्रतिबंध अब ईरानी बंदरगाहों से आने-जाने वाले सभी देशों के जहाजों पर लागू हैं।

खाड़ी में अमेरिकी गश्त

यह नया प्रतिबंध विशेष रूप से अरब खाड़ी और ओमान की खाड़ी के सभी मुख्य ईरानी बंदरगाहों पर लागू किया जा रहा है। अमेरिकी सेनाएं होर्मुज जलडमरूमध्य से गुजरने वाले और गैर-ईरानी बंदरगाहों तक जाने वाले जहाजों के लिए नेविगेशन की स्वतंत्रता का समर्थन कर रही हैं। अमेरिकी नौसेना के जहाज ओमान की खाड़ी में लगातार गश्त कर रहे हैं और सभी नियमों का कड़ाई से पालन करवा रहे हैं।

शुरुआती 48 घंटों का असर

यूएस सेंट्रल कमांड के अनुसार ईरानी बंदरगाहों पर अमेरिकी नाकेबंदी के पहले 48 घंटों के दौरान गहरा असर देखने को मिला है। इन शुरुआती 48 घंटों में कोई भी जहाज वहां तैनात अमेरिकी सेनाओं के कड़े पहरे को पार नहीं कर पाया है। अमेरिकी सेनाओं के स्पष्ट निर्देश का पालन करते हुए कुल 9 जहाज वापस मुड़कर किसी ईरानी बंदरगाह या तटीय क्षेत्र की ओर लौट गए।

लिंकन कैरियर स्ट्राइक ग्रुप

यूएस सेंट्रल कमांड ने अरब सागर में उड़ान संचालन करते हुए यूएसएस अब्राहम लिंकन का एक आधिकारिक वीडियो जारी किया है। अब्राहम लिंकन कैरियर स्ट्राइक ग्रुप के 5,000 नाविक और मरीन जहाजों को रोकने के इस महत्वपूर्ण मिशन को अंजाम दे रहे हैं। अमेरिकी सैनिक इस संवेदनशील क्षेत्र में पूरी सतर्कता से मौजूद हैं और किसी भी स्थिति से निपटने के लिए तैयार हैं।

समझौते की नई संभावनाएं

प्रेस सचिव लीविट ने बताया कि अमेरिका को किसी भी नए समझौते की संभावनाओं को लेकर अभी भी बहुत अच्छा महसूस हो रहा है। यह बात एकदम साफ है कि राष्ट्रपति ट्रंप की कड़ी मांगों को तुरंत पूरा करना ही अब Iran के सबसे अच्छे हित में है। इस बीच सेंटकॉम अपनी पूरी जिम्मेदारी निभाते हुए इस समुद्री क्षेत्र में नाकेबंदी को लगातार लागू रखे हुए है।

प्रतिबंधों का कड़ा पालन

व्हाइट हाउस के अनुसार यह बहुत स्पष्ट है कि यह कड़ा समुद्री प्रतिबंध ईरान के बंदरगाहों में आने या वहां से जाने वाले सभी विदेशी जहाजों पर भी लागू है। क्षेत्र में मौजूद अमेरिकी नौसेना के जवान बिना किसी रुकावट के लगातार अपनी गश्त की अहम जिम्मेदारी को निभा रहे हैं। इन कड़े उपायों का मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि कोई भी जहाज बिना अनुमति के इस नाकेबंदी को पार न कर सके।

सैन्य बलों का मजबूत संकल्प

वर्तमान हालात में सेंटकॉम के कड़े निर्देशों का असर साफ दिख रहा है क्योंकि 9 जहाजों को अपनी दिशा बदलनी पड़ी है। अब्राहम लिंकन कैरियर स्ट्राइक ग्रुप के सभी सदस्य अपने मिशन को पूरी गंभीरता और एकाग्रता के साथ पूरा कर रहे हैं। हजारों अमेरिकी बल पूरी तरह से वहां मौजूद और सतर्क हैं तथा वे हर हाल में अंतरराष्ट्रीय नियमों का पालन सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध हैं।

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