आखिरकार मान ली हार! रूस-यूक्रेन युद्ध न रोक पाने पर छलका ट्रंप का दर्द, बोले- लगा था आसान होगा पर…

US News: डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि रूस-यूक्रेन युद्ध रोकना उतना आसान नहीं है जितना उन्होंने सोचा था, क्योंकि पुतिन और जेलेंस्की एक-दूसरे से इतनी नफरत करते हैं कि बात तक नहीं करना चाहते।
आखिरकार मान ली हार! रूस-यूक्रेन युद्ध न रोक पाने पर छलका ट्रंप का दर्द, बोले- लगा था आसान होगा पर…
रूस यूक्रेन युद्ध पर डोनाल्ड ट्रंप (फोटो- सोशल मीडिया)
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Donald Trump on Russia Ukraine War: डोनाल्ड ट्रंप ने पिछले साल अपने चुनावी कैंपेन में दावा किया था कि अगर वह राष्ट्रपति बनते हैं तो एक दिन के अंदर रूस और यूक्रेन युद्ध रुकवा देंगे। हालांकि, उन्हें राष्ट्रपति बने हुए नौ महीने से ज्यादा का समय बीत चुका है, लेकिन रूस-यूक्रेन युद्ध अभी भी जारी है। इसी बीच ट्रंप दोनों देशों के बीच सीजफायर को लेकर हार मानते हुए नजर आ रहे हैं।

ट्रंप ने सोमवार को अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ सोशल पर पोस्ट करते हुए कहा कि उन्हें लगा था कि यह आसान होगा, लेकिन रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन यूक्रेन के अपने समकक्ष वोलोडिमिर जेलेंस्की से इतनी नफरत करते हैं कि दोनों एक-दूसरे से बात तक करने को तैयार नहीं हैं।

युद्ध रुकवाना कठिन काम: ट्रंप

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ट्रुथ सोशल पर कहा कि, "मैंने अब तक सात युद्ध रुकवाए। मुझे लगा था कि यह आसान होगा, पर मैं गलत था। यह एक मुश्किल काम है।" उन्होंने यूक्रेन और रूस के नेताओं के बीच गहराते टकराव और नफरत का जिक्र किया। उन्होंने कहा, "जेलेंस्की और पुतिन के बीच बेहद गहरी दुश्मनी है। वे एक-दूसरे से इतनी नफरत करते हैं कि ठीक से सांस भी नहीं ले पाते। दोनों एक-दूसरे से इतनी नफरत करते हैं कि आपस में बातचीत तक नहीं कर सकते।"

इस दौरान ट्रंप ने रूस के हमलावर रवैये का भी जिक्र किया, जिससे यह संकेत मिलता है कि उनका रुख अब रूस के प्रति पहले जैसा नहीं रहा। दिलचस्प बात यह है कि ट्रंप ने अब तक रूस के यूक्रेन पर किए गए सीधे हमले की खुलकर आलोचना नहीं की है। यहां तक कि फरवरी में, जब संयुक्त राष्ट्र में यूक्रेन की क्षेत्रीय अखंडता का समर्थन करने और रूस की आलोचना करने वाला एक प्रस्ताव लाया गया, तो उनकी सरकार ने पुतिन का साथ देते हुए उस प्रस्ताव को पारित होने से रोकने में मदद की थी।

ट्रंप के सारे दांव फेल

राष्ट्रपति बनने के बाद से डोनाल्ड ट्रंप ने रूस-यूक्रेन युद्ध रुकवाने के लिए कई कोशिशें की हैं। उन्होंने शुरुआत में जेलेंस्की को इसके लिए जिम्मेदार मानते हुए तानाशाही तक का आरोप लगाया था। हालांकि, बाद में उन्होंने अपना रुख बदला और रूस पर हमलावर हुए। उन्होंने कई बार रूस को 100 फीसदी टैरिफ लगाने की धमकी तक दी, लेकिन हर बार पुतिन ट्रंप की धमकियों को नजरअंदाज करते हुए यूक्रेन पर हमले जारी रखते रहे।

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