मैदान पर चौंके-छक्के मारने का देखता था सपना... मुनीर ने धोखे से बुलाकर पाक क्रिकेटर की पीठ पर बरसा दी गोलियां

PoK Protest Shootout: पीओके के रावलकोट में बुनियादी सुविधाओं की मांग कर रहे प्रदर्शनकारियों पर हुई गोलीबारी में एक उभरते क्रिकेटर समेत चार लोगों की मौत से तनाव बढ़ गया है।
Rawalakot PoK Protest Shootout
Pok में पाकिस्तानी सेना ने प्रदर्शनकारियों पर गोलीबारी की (सोर्स- सोशल मीडिया)
Updated on

Rawalakot PoK Protest Shootout: पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर (PoK) में लंबे समय से बिजली, पानी, आटा और अन्य बुनियादी सुविधाओं की मांग को लेकर विरोध प्रदर्शन जारी हैं। प्रदर्शनकारी लगातार पाकिस्तान सरकार और सुरक्षा बलों के खिलाफ अपनी नाराजगी जाहिर कर रहे हैं। इसी बीच रावलकोट में हुई एक कथित गोलीबारी की घटना के बाद क्षेत्र में तनाव और बढ़ गया है। स्थानीय रिपोर्टों के अनुसार, इस घटना में उभरते हुए क्रिकेटर वाजिद हयात समेत चार लोगों की मौत हुई है। बताया जा रहा है कि रावलकोट के मटियालमीरा बस टर्मिनल पर जम्मू-कश्मीर जॉइंट अवामी एक्शन कमेटी (JAAC) के बैनर तले प्रदर्शनकारी कई दिनों से धरने पर बैठे थे। उनकी प्रमुख मांगों में सस्ती बिजली, स्वच्छ पेयजल और आटे जैसी आवश्यक वस्तुओं की उपलब्धता शामिल थी। जानकारी के मुताबिक, यह खूनी क्रैकडाउन पाकिस्तानी सेना प्रमुख आसिम मुनीर के इशारे पर अंजाम दिया गया है।

पाक फौज ने निहत्थे लोगों पर बरसाई गोलियां

रिपोर्टों के मुताबिक, प्रदर्शनकारियों और पाकिस्तान सरकार और सेना के अधिकारियों के बीच हुसैनकोट, रावलकोट में वार्ता चल रही थी। इसी दौरान प्रदर्शनकारियों ने अपनी मांगें पूरी होने तक धरना समाप्त करने से इनकार कर दिया। आरोप है कि इसके बाद मंगलवार सुबह सुरक्षा बलों ने मटियालमीरा बस टर्मिनल को चारों ओर से घेर लिया और प्रदर्शनकारियों के खिलाफ कार्रवाई शुरू कर दी। स्थानीय सूत्रों का दावा है कि इस दौरान सुरक्षा बलों ने प्रदर्शनकारियों पर गोलीबारी की, जिसमें कई लोग घायल हुए और चार लोगों की मौत हो गई। मृतकों में स्थानीय क्रिकेटर वाजिद हयात भी शामिल बताए जा रहे हैं। हालांकि, इस घटना को लेकर पाकिस्तान सरकार या सेना की ओर से आधिकारिक और विस्तृत प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।

कौन है वाजिद हयात?

वाजिद हयात रावलकोट के मटियालमीरा क्षेत्र के रहने वाले एक उभरते हुए स्थानीय क्रिकेटर थे। वे क्लब क्रिकेट, जिला स्तरीय प्रतियोगिताओं और स्थानीय टी-20 और टेप-बॉल टूर्नामेंटों में नियमित रूप से हिस्सा लेते थे। उन्हें आक्रामक बल्लेबाज और तेज गेंदबाज के रूप में जाना जाता था और स्थानीय क्रिकेट जगत में उनकी अच्छी पहचान थी। घटना के बाद क्षेत्र में माहौल तनावपूर्ण बताया जा रहा है। स्थानीय संगठनों ने निष्पक्ष जांच और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। वहीं, इस पूरे घटनाक्रम से जुड़े कई दावों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि अभी बाकी है।

Navbharat Live
navbharatlive.com