चुनाव लड़ो, औकात पता चल जाएगी... पाकिस्तानी मौलाना ने आसिम मुनीर को दिया खुला चैलेंज, कहा- उतार दो वर्दी

Asim Munir Political Interference: पाकिस्तान में सियासी हलचल तेज हो गई है, मौलाना फजलुर रहमान ने सेना प्रमुख आसिम मुनीर को वर्दी उतारकर चुनाव लड़ने की चुनौती दी, फौज के दखल पर उठाए सवाल।
Maulana Fazlur Rehman Slams Asim Munir
आसिम मुनीर और मौलाना फजलुर रहमान (सोर्स- सोशल मीडिया)
Updated on

Maulana Fazlur Rehman Slams Asim Munir: पाकिस्तान में सियासी पारा एक बार फिर गरम हो गया है। जमीयत उलेमा-ए-इस्लाम (F) के प्रमुख मौलाना फजलुर रहमान ने हाल ही में पाकिस्तानी सेना के प्रमुख फील्ड मार्शल आसिम मुनीर को वर्दी उतार कर चुनावी मैदान लड़ने के लिए खुला चैलेंज किया है। फजलुर रहमान ने मुनीर के कहा कि अगर राजनीति का इतना ही शौक है, तो वर्दी उतारकर चुनाव लड़ें।

फजलुर रहमान कराची के ल्यारी में एक जनसभा में हिसा लेने गए थे, जहां उन्होंने पाकिस्तानी फौज और आसिम मुनीर पर जमकर हमला बोला। रहमान ने आसिम मुनीर पर निशाना साधते हुए कहा कि अगर उन्हें राजनीति का शौक है, तो वर्दी उतारकर चुनाव लड़ना चाहिए, आवाम औकात बता देगी। फजलुर रहमान के भाषण का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।

फजलुर रहमान ने क्या कहा?

सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे वीडियो में मौलाना फजलुर रहमान ने सेना की ओर से नागरिकों से विद्रोह के खिलाफ हथियार उठाने और आर्म्ड ग्रुप (लश्कर) बनाने की अपील को सीधे तौर पर खारिज कर दिया। जनसभा को संबोधित करते हुए फजलुर रहमान ने सीधे पाकिस्तानी फौज की नियत पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि, देश की रक्षा करने की जिम्मेदारी पुलिस और फौज की है, न कि आम आदमी की।

फजलुर रहमान ने चेतावनी देते हुए कहा कि, आम नागरिकों को उग्रवादियों के सामने धकेलना, देश को बर्बादी और तबाही की तरफ ले जाना है। उन्होंने मुनीर पर निशाना साधते हुए आगे कहा कि, तुम तो चले जाओगे, लेकिन देश को पीढ़ियों के लिए जाती दुश्मनी, खून-खराबे और लूटपाट के दलदल में धकेलने की कोशिश कर रहे हो।

हिम्मत है तो चुनाव लड़ों: फजलुर रहमान

मौलाना फजलुर रहमान ने आसिम मुनीर का नाम लिए बिना उनपर निशाने साधते हुए उन्हें चुनौती देते हुए कहा कि, अगर वो राजनीतिक प्रभाव ही चलाना चाहते हैं, तो खुलकर मैदान में आएं। उन्होंने कहा, अगर तुम्हे राजनीति ही करनी है, वर्दी उतारकर चुनाव लड़ो। जनता बता देगी वो वर्दी वालों को कितना पसंद करती है और कितने वोट देगी।

मौलाना ने पाकिस्तानी राजनीति में फौज के धखल पर तंज कसते हुए कहा कि, यह आपको विशेषाधिकार बन गया है कि जिसे चाहो सरकार सौंप दो और जिससे चाहते कुर्सी से उतार दो। उनका इशारा पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान की तरफ था। जिन्हें सेना से दुश्मनी के चलते अपनी सरकार से हाथ धोना पड़ा और जेल की सजा काटनी पड़ रही है।

Navbharat Live
navbharatlive.com