Donald Trump की आलोचना पर पोप लियो 14वें का जवाब, कहा- बहस करने में कोई रूचि नहीं

Pope Trump Debate: अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump की आलोचना के बाद पोप लियो 14वें ने जवाब दिया है। उन्होंने कहा कि उन्हें ट्रंप के साथ ईरान युद्ध पर किसी भी तरह की बहस करने में कोई रूचि नहीं है।
Pope Leo XIV Reacts to Trump's Criticism, Says He Has No Interest in Debating the US President
ट्रंप के बयान पर पोप लियो की प्रतिक्रिया (सोर्स-सोशल मीडिया)
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Pope Leo Reaction On Trump Statement: ईरान युद्ध और वैश्विक शांति के अहम मुद्दे पर अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump और पोप लियो 14वें के बीच जुबानी जंग शुरू हो गई है। इस पूरे मामले में पोप लियो की ट्रंप पर प्रतिक्रिया काफी चर्चा में है क्योंकि उन्होंने ट्रंप की तीखी आलोचना का बहुत ही करारा जवाब दिया है। अपनी एक विदेश यात्रा के दौरान विमान में संवाद करते हुए पोप लियो ने स्पष्ट कर दिया कि वह ट्रंप से बिल्कुल उलझना नहीं चाहते हैं। पोप ने अपने कड़े बयान में यह भी कहा कि उनका मुख्य उद्देश्य सिर्फ पूरी दुनिया में शांति और भाईचारे का स्पष्ट संदेश देना है।

हवाई यात्रा में दिया बयान

पोप लियो 14वें शनिवार के दिन अपने विशेष विमान से कैमरून देश से अंगोला की एक बहुत महत्वपूर्ण यात्रा कर रहे थे। इसी हवाई यात्रा के दौरान उन्होंने अपने साथ मौजूद पत्रकारों से बातचीत करते हुए Donald Trump के हालिया बयान पर अपनी प्रतिक्रिया दी। पोप ने सभी पत्रकारों को साफ शब्दों में कहा कि वह अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump के साथ किसी भी बहस में कतई नहीं पड़ना चाहते हैं।

शांति का संदेश जारी रहेगा

धार्मिक नेता पोप ने कहा कि उन्होंने अपना शांति का संदेश किसी एक व्यक्ति या Donald Trump को ध्यान में रखकर नहीं दिया था। उन्होंने बताया कि कुछ राजनीतिक परिस्थितियों के कारण अमेरिका के राष्ट्रपति ने उनके शांति के संदेश पर अपनी तीखी टिप्पणियां की हैं। हालांकि पोप लियो ने इस बात पर खासा जोर दिया कि वह आलोचनाओं के बावजूद दुनिया में शांति का संदेश देना हमेशा जारी रखेंगे।

ट्रंप की सोशल मीडिया पोस्ट

अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump ने 12 अप्रैल की रात को अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'ट्रुथ सोशल' पर पोप की कड़ी आलोचना की थी। ईरान और अमेरिका-इजराइल के बीच चल रहे युद्ध के माहौल में पोप लियो 14वें ने शांति और संवाद स्थापित करने की एक अपील की थी। इसी अपील से नाराज होकर ट्रंप ने सोशल मीडिया का सहारा लिया और पोप पर अपराध के प्रति नरम रुख अपनाने व वामपंथियों से मिलीभगत के आरोप लगाए।

धमकी को बताया अस्वीकार्य

पोप लियो 14वें ने दुनिया में युद्ध के लिए किसी भी तरह के धार्मिक औचित्य का इस्तेमाल करने की बहुत कड़े शब्दों में निंदा की है। उन्होंने ईरानी सभ्यता को पूरी तरह से नष्ट करने वाली Donald Trump की धमकी को सबके सामने बिल्कुल अस्वीकार्य और गलत बताया है। पोप ने यह हमेशा माना है कि बातचीत और शांतिपूर्ण संवाद के जरिए ही दुनिया की किसी भी विकराल समस्या का हल निकाला जा सकता है।

तानाशाहों को दी गई चेतावनी

अपने विस्तृत बयान में पोप ने मुट्ठी भर तानाशाहों की भी कड़ी निंदा की जो युद्ध और शोषण के जरिए पृथ्वी को पूरी तरह तबाह कर रहे हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि तानाशाहों के खिलाफ लिखे गए उनके ये विचार ट्रंप की आलोचना से लगभग दो सप्ताह पहले ही लिखे गए थे। पोप लियो का यह कड़ा बयान दुनिया के उन सभी नेताओं के लिए है जो अपने स्वार्थ के लिए मासूम लोगों और धरती का भारी नुकसान करते हैं।

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