IDF का अपमान करने वाले... नेतन्याहू ने दी पाकिस्तान समेत इन देशों को आखिरी चेतावनी, जानें क्या है वजह

Netanyahu Warning Pakistan: इजरायली पीएम बेंजामिन नेतन्याहू ने स्पेन-पाकिस्तान के खिलाफ कड़ा रुख अपनाया है। उन्होंने साफ कर दिया है कि इजरायल की छवि खराब करने वाले देशों को कूटनीतिक कीमत चुकानी होगी।
Those who insult the IDF... Netanyahu issues a final warning to these nations including Pakistan; find out the reason behind his anger.
इजरायली पीएम बेंजामिन नेतन्याहू, फोटो (सो. सोशल मीडिया)
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Netanyahu Warning Pakistan Spain: इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने अंतरराष्ट्रीय मंच पर अपने विरोधियों के खिलाफ एक बेहद सख्त और समझौता न करने वाला रुख अपनाया है। शुक्रवार को दिए गए एक कड़े बयान में नेतन्याहू ने स्पष्ट किया कि जो देश इजरायल और उसकी सेना (IDF) की छवि को नुकसान पहुंचाते हैं वे भविष्य में इजरायल के कूटनीतिक साझेदार नहीं हो सकते। उन्होंने चेतावनी दी कि वह किसी भी देश को बिना कीमत चुकाए इजरायल के खिलाफ 'कूटनीतिक युद्ध' छेड़ने की अनुमति नहीं देंगे।

स्पेन के खिलाफ बड़ी कार्रवाई

पीएम नेतन्याहू ने स्पेन के खिलाफ तत्काल कार्रवाई करते हुए स्पेनिश प्रतिनिधियों को किरयात गत (Kiryat Gat) में स्थित कोऑर्डिनेशन सेंटर से हटाने का निर्देश दिया है। प्रधानमंत्री ने आरोप लगाया कि स्पेन ने इजरायली सैनिकों को 'बदनाम' करने का काम किया है जिन्हें वह दुनिया की सबसे नैतिक सेना मानते हैं। नेतन्याहू के अनुसार, स्पेन ने बार-बार क्रूर शासन के बजाय इजरायल राज्य पर हमला करने का फैसला किया है, जिसे अब और बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

पाकिस्तान को सीधी चेतावनी

नेतन्याहू का गुस्सा पाकिस्तान के रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ के उन बयानों पर भी फूटा, जिसमें उन्होंने इजरायल को 'मानवता के लिए श्राप' बताया था। आसिफ ने सोशल मीडिया पर इजरायल को खत्म करने का आह्वान किया था और गाजा, ईरान व लेबनान में हो रहे खून-खराबे के लिए इजरायल को जिम्मेदार ठहराया था।

इसका जवाब देते हुए नेतन्याहू ने पाकिस्तान को सीधी चेतावनी जारी की। उन्होंने कहा कि इजरायल के विनाश की बात करने वाली किसी भी सरकार को बर्दाश्त नहीं किया जा सकता, खासकर उस देश से जो खुद को शांति वार्ता के लिए एक 'न्यूट्रल आर्बिटर' होने का दावा करता है। नेतन्याहू ने पाकिस्तान के इस दोहरे रुख को 'दिखावा' करार दिया।

लेबनान पर कड़ा रुख बरकरार

इस कूटनीतिक खींचतान के बीच नेतन्याहू ने युद्धविराम की शर्तों को लेकर भी अपनी स्थिति साफ कर दी है। हालांकि उन्होंने अमेरिका और ईरान के बीच हुए अस्थायी युद्धविराम का समर्थन किया है लेकिन उन्होंने फिर से दोहराया कि यह सीजफायर लेबनान पर लागू नहीं होता है। इजरायल का कहना है कि वह अपनी सुरक्षा के लिए लेबनान में हिजबुल्लाह के खिलाफ सैन्य कार्रवाई जारी रखेगा, भले ही ईरान के साथ शांति की बात चल रही हो।

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